नवा रायपुर में बुधवार की शाम छत्तीसगढ़ के रजत महोत्सव यानी 25वें राज्योत्सव का भव्य समापन हुआ। समापन समारोह के मुख्य अतिथि उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन रहे। इस मौके पर उन्होंने छत्तीसगढ़ की 25 साल की यात्रा को असाधारण बताया और कहा कि राज्य ने नक्सलवाद के खात्मे के साथ विकास की नई दिशा तय की है।
समापन समारोह में बोलते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि सांसद रहने के दौरान वे भी उन नेताओं में शामिल थे जिन्होंने संसद में छत्तीसगढ़ राज्य विधेयक का समर्थन किया था। उन्होंने कहा— नक्सलवाद का खात्मा राज्य सरकार की बड़ी सफलता है और यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के दृढ़ नेतृत्व का परिणाम है।

उपराष्ट्रपति ने कहा कि पुलिस, सुरक्षा बलों और स्थानीय समुदायों के संयुक्त प्रयासों से आज छत्तीसगढ़ में भय और हिंसा की जगह विकास और विश्वास ने ली है। उन्होंने राज्य निर्माण के लिए पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के दूरदर्शी नेतृत्व को याद किया और कहा कि उन्हीं के विज़न की वजह से छत्तीसगढ़ तरक्की की राह पर आगे बढ़ा है।
उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की सार्वजनिक वितरण प्रणाली की सराहना करते हुए कहा कि इस योजना के माध्यम से 72 लाख से अधिक लोगों को निशुल्क खाद्यान्न मिल रहा है। उन्होंने इसे राज्य की एक सफल और जनहितकारी पहल बताया।
समारोह में उपराष्ट्रपति ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित किया। उपराष्ट्रपति के रूप में पदभार संभालने के बाद राधाकृष्णन पहली बार छत्तीसगढ़ आए थे, उन्हें इस मौके पर विशेष रूप से आमंत्रित किया गया था।
नवा रायपुर की चर्चा करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि यह भारत का पहला ग्रीनफील्ड शहर है, जहां आईटी हब, फार्मा हब और एआई डेटा सेंटर पार्क जैसे प्रोजेक्ट तेजी से आकार ले रहे हैं। यहां विश्वस्तरीय मेडिसिटी भी विकसित हो रही है। उन्होंने ‘अंजोर विज़न @2047’ के अंतर्गत सेमीकंडक्टर निर्माण और नई संचार क्रांति की दिशा में सरकार के प्रयासों की सराहना की।
समारोह के अंत में उपराष्ट्रपति ने कहा कि रजत महोत्सव को सिर्फ अतीत के उत्सव के रूप में नहीं, बल्कि भविष्य के लिए एक नई प्रतिज्ञा के रूप में देखा जाना चाहिए। समापन समारोह में राज्यपाल रमेन डेका, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

