केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत अब छत्तीसगढ़ के निवासियों को पाइपलाइन के माध्यम से सीधे रसोई गैस की आपूर्ति की जाएगी। इस योजना की शुरुआत बिलासपुर और कोरबा जिलों से पायलट प्रोजेक्ट के रूप में होगी।

प्रमुख बिंदु:
- नागपुर-झारसुगुड़ा गैस पाइपलाइन: गेल इंडिया द्वारा इस मार्ग पर पाइपलाइन बिछाने का कार्य प्रगति पर है
- 20 फीट गहराई में पाइपलाइन: किसानों की जमीन में 18-20 फीट गहराई में पाइप बिछाए जा रहे हैं ताकि खेती पर असर न पड़े
- मुआवजा योजना: पाइपलाइन बिछाने के लिए जिन किसानों की जमीन का उपयोग होगा, उन्हें उचित मुआवजा दिया जाएगा
लाभ:
- सिलिंडर रिफिल के झंझट से मुक्ति
- समय पर गैस आपूर्ति की गारंटी
- एलपीजी सिलिंडर की तुलना में सस्ती दरें
- होम डिलीवरी के लिए अतिरिक्त शुल्क की बचत
वर्तमान प्रगति:
गेल के अधिकारियों ने बताया कि बलौदाबाजार-भाटापारा क्षेत्र में पाइपलाइन बिछाने का कार्य चल रहा है। कंपनी ने नदी किनारे और ग्रामीण क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाने के लिए जिला प्रशासन से अनुमति मांगी है। इसके लिए ग्राम पंचायतों और भूमि मालिकों की सहमति भी ली जा रही है।
भविष्य की योजना:
इस परियोजना के तहत देशभर में 1000 से अधिक लिक्विड नेचुरल गैस स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय का लक्ष्य है कि देश के हर घर तक सस्ती और सुविधाजनक गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।
