रायपुर। राजधानी रायपुर में बिजली मीटर लगाने के नाम पर बड़ी साइबर ठगी का मामला सामने आया है। मुजगहन थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति से प्रोसेसिंग शुल्क के नाम पर 1 लाख 56 हजार 200 रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए गए। घटना के बाद आरोपी ने मोबाइल बंद कर लिया। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़ित रोशन देवरात्रे ने बिजली मीटर लगाने के लिए संबंधित बिजली कार्यालय में आवेदन किया था। कुछ दिनों बाद उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर (7643020953) से कॉल आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को विद्युत विभाग का कर्मचारी बताते हुए कहा कि उनके नाम पर मीटर लगाने का आवेदन स्वीकृत हो गया है।

आरोपी ने प्रोसेसिंग शुल्क जमा कराने के नाम पर एक मोबाइल ऐप डाउनलोड करने को कहा। झांसे में आकर पीड़ित ने बताए गए निर्देशों का पालन किया और अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 1,56,200 रुपए ट्रांसफर कर दिए।
जब पीड़ित ने मीटर लगने की प्रक्रिया की जानकारी लेने के लिए दोबारा कॉल किया तो आरोपी का मोबाइल नंबर बंद मिला। इसके बाद रोशन देवरात्रे ने बिजली कार्यालय पहुंचकर जानकारी ली, जहां उन्हें पता चला कि विभाग की ओर से कोई प्रोसेसिंग शुल्क नहीं लिया गया है और न ही उनके खाते में कोई राशि जमा हुई है।

इसके बाद पीड़ित ने मामले की शिकायत मुजगहन थाने में दर्ज कराई।

पुलिस ने क्या कहा?
मुजगहन थाना प्रभारी निरीक्षक सिद्धेश्वर प्रताप सिंह ने बताया कि शिकायत के आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया गया है। मोबाइल नंबर और बैंक ट्रांजेक्शन की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जाएगा।
⚠️ साइबर ठगी से बचने के लिए सावधानी
- किसी भी सरकारी विभाग के नाम पर आए कॉल की आधिकारिक वेबसाइट या कार्यालय से पुष्टि करें।
- अनजान लिंक या ऐप डाउनलोड करने से बचें।
- प्रोसेसिंग फीस या अन्य भुगतान केवल आधिकारिक पोर्टल पर ही करें।
- संदिग्ध कॉल या मैसेज की तुरंत पुलिस या साइबर सेल में शिकायत करें।

