छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में मामूली बात को लेकर हुई कहासुनी ने हिंसक रूप ले लिया। धमधा थाना क्षेत्र में सगनी पुन्नी मेला देखकर लौट रहे दो युवकों पर गांव के आउटर में चाकू से हमला कर दिया गया। इस घटना में दोनों युवक घायल हो गए।
पुलिस ने मामले में तेजी दिखाते हुए 4 जनवरी को सभी 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें 11 बालिग और 2 नाबालिग शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक घायलों की हालत अब खतरे से बाहर है।

मेला से लौटते वक्त हुई वारदात
यह घटना 3 जनवरी की शाम करीब 5:30 बजे की है। जानकारी के अनुसार, दोनों युवक सगनी पुन्नी मेला देखकर अपने गांव लौटे थे। गांव पहुंचने के बाद घर जाने से पहले वे गांव के बाहरी हिस्से में पेशाब करने के लिए रुके।
इसी दौरान वहां पहले से मौजूद युवकों के एक समूह ने इस पर आपत्ति जताई और बातों-बातों में विवाद शुरू हो गया। देखते ही देखते कहासुनी मारपीट और चाकूबाजी में बदल गई।

एकजुट होकर किया हमला, आरोपी मौके से फरार
पुलिस के अनुसार, मौके पर मौजूद आरोपी युवक एक समूह में खड़े थे और वे नंदिनी थाना क्षेत्र के चार अलग-अलग गांवों के निवासी हैं। सभी आरोपी भी मेला देखकर लौट रहे थे। विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने मिलकर दोनों युवकों पर चाकू से वार कर दिए, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए।
घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां एक युवक को प्राथमिक उपचार के बाद उसी दिन छुट्टी दे दी गई, जबकि दूसरे की हालत भी अब स्थिर बताई जा रही है।

दो नाबालिग समेत सभी आरोपी गिरफ्तार
घटना की सूचना मिलते ही धमधा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। तफ्तीश के बाद पुलिस ने 13 आरोपियों की पहचान कर सभी को गिरफ्तार कर लिया। नाबालिग आरोपियों के खिलाफ बाल न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है और आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की गई है।

