रायपुर/पटना।
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण की वोटिंग 6 नवंबर को होने वाली है। दिलचस्प बात यह है कि चुनाव भले बिहार में हो, लेकिन इसकी तैयारी छत्तीसगढ़ में पिछले आठ महीनों से चल रही थी।
एक भारत श्रेष्ठ भारत अभियान के तहत भाजपा ने छत्तीसगढ़ के उन 8 जिलों—रायपुर, दुर्ग-भिलाई, बिलासपुर, रायगढ़, जशपुर, अंबिकापुर, कोरबा और मनेंद्रगढ़-चिरमिरी—में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए, जहां बिहार मूल के लोगों की बड़ी आबादी रहती है।
इन कार्यक्रमों का उद्देश्य था बिहार के मतदाताओं तक “छत्तीसगढ़ मॉडल” की सफलता पहुंचाना। लोगों को बताया गया कि भाजपा की सरकार बनने पर बिहार का विकास छत्तीसगढ़ की तरह तेज़ी से कैसे हो सकता है।
बिहार पहुंचे छत्तीसगढ़ के 250 प्रचारक
इस अभियान के तहत 250 स्थानीय स्वयंसेवक तैयार किए गए जो अब बिहार जाकर भाजपा के समर्थन में प्रचार कर रहे हैं। ये लोग गांव-गांव जाकर मतदाताओं से संवाद कर रहे हैं और “विकसित बिहार” का संदेश दे रहे हैं।
भाजपा संगठन ने भी बिहार में पूरी रणनीति के साथ डेरा डाला है।
छत्तीसगढ़ भाजपा नेताओं की बड़ी जिम्मेदारी
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंहदेव, मुख्य प्रवक्ता संतोष पांडेय, और हेमंत पाणिग्रही समेत कई वरिष्ठ नेता बिहार में सक्रिय हैं।
सीजीएमएससी के अध्यक्ष दीपक महस्के सोशल मीडिया कैंपेन की कमान संभाले हुए हैं।
वहीं, नान अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव को सिवान, गोपालगंज और छपरा जिलों का जिम्मा दिया गया है।
अपेक्स बैंक अध्यक्ष केदारनाथ गुप्ता पश्चिम और पूर्वी चंपारण की 21 विधानसभा सीटों का नेतृत्व कर रहे हैं।
‘महतारी वंदन’ से ‘नई उद्योग नीति’ तक चर्चा में छत्तीसगढ़ मॉडल
छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार बनने के बाद शुरू की गई योजनाएं जैसे महतारी वंदन योजना, नई उद्योग नीति, और गरीबों के लिए आवास योजनाएं—इन सबका प्रचार बिहार में जोरों से किया जा रहा है।
नेताओं का दावा है कि एनडीए की सरकार बनने के बाद राज्य और केंद्र का समन्वय विकास को नई दिशा देता है।
उदाहरण के तौर पर बताया जा रहा है कि पीएम आवास योजना में कांग्रेस शासन के दौरान रुके मकानों का निर्माण भाजपा सरकार आने के बाद तेजी से हुआ।
मंत्री और विधायक भी मैदान में
बिहार चुनाव प्रचार में छत्तीसगढ़ के कई मंत्री और विधायक सक्रिय हैं।
गजेंद्र यादव और लखनलाल देवांगन को बिहार चुनाव की कमान सौंपी गई है।
मुख्यमंत्री की दो सभाएं पहले ही वहां आयोजित की जा चुकी हैं, जबकि उपमुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा भी लगातार प्रचार में जुटे हैं।
इसके अलावा विधायक सुशांत शुक्ला और भावना बोहरा भी लगातार बिहार में रहकर भाजपा प्रत्याशियों के लिए जनसंपर्क कर रहे हैं।

