छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा ने शनिवार को जिला न्यायालय रायपुर और परिवार न्यायालय का आकस्मिक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने न्यायिक अधिकारियों के साथ बैठक कर पुराने लंबित मामलों की स्थिति का अवलोकन किया और त्वरित निपटान के लिए दिशा-निर्देश दिए।

🔹 न्यायिक अधिकारियों और वकीलों से बातचीत
चीफ जस्टिस ने स्पष्ट किया कि सभी मामलों का नियमानुसार और प्राथमिकता के आधार पर निपटान होना चाहिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिवक्ताओं से भी मुलाकात की और न्यायालयीन प्रक्रियाओं में सुधार के लिए उनकी सुझाव भी लिए।
🔹 लंबित मामलों पर निगरानी जरूरी
जस्टिस रमेश सिन्हा ने कहा कि न्यायपालिका में सुधार और मामलों के शीघ्र निपटान के लिए नियमित निगरानी अनिवार्य है। राज्य के सभी जिला न्यायालयों के निरंतर निरीक्षण से न्यायिक प्रणाली में सकारात्मक परिवर्तन और लंबित मामलों के त्वरित समाधान की संभावनाएं बढ़ती हैं।
🔹 निरीक्षण में उपस्थित अधिकारी
निरीक्षण के दौरान प्रधान जिला-सत्र न्यायाधीश बलराम प्रसाद वर्मा, अन्य न्यायिक अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे। चीफ जस्टिस ने पिछले निरीक्षण में पाई गई कमियों के सुधार पर संतोष व्यक्त किया।
🔹 छुट्टियों में भी सुनवाई
दीपावली की छुट्टियों के बावजूद चीफ जस्टिस कई महत्वपूर्ण प्रकरणों की सुनवाई कर रहे हैं और न्यायालयीन व्यवस्था को सुचारू और मजबूत बनाने के लिए आकस्मिक निरीक्षण कर रहे हैं।

