छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। रतनपुर थाने में अपने केस की जानकारी लेने पहुंचे एक व्यक्ति के साथ एएसआई ने कथित तौर पर मारपीट की। आरोप है कि एएसआई दिनेश तिवारी ने गुस्से में आकर पीड़ित को 15 से 20 थप्पड़ जड़ दिए, जिससे उसका कान सुन्न हो गया।
पीड़ित विनोद जायसवाल के मुताबिक, जब उन्होंने अपने पुराने केस की स्थिति और जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने को लेकर जानकारी मांगी, तो एएसआई भड़क गया। इस दौरान गाली-गलौज करते हुए उसे धमकाया गया कि उसकी “नेतागिरी” निकाल दी जाएगी और जेल भेज दिया जाएगा।

घटना के समय थाने में अन्य पुलिसकर्मी भी मौजूद थे। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने के बदले पैसे की मांग की जा रही थी।
मामले की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने तुरंत कार्रवाई करते हुए एएसआई दिनेश तिवारी को निलंबित कर दिया है। साथ ही पीड़ित की शिकायत के आधार पर उसी थाने में एएसआई के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है।
यह घटना 12 अप्रैल की बताई जा रही है, जब बनियापारा निवासी विनोद जायसवाल दोपहर में थाने पहुंचे थे। बाद में उन्होंने इस मामले की शिकायत उच्च अधिकारियों से की, जिस पर त्वरित कार्रवाई की गई।
घटना के बाद पीड़ित को सुनने में परेशानी और सिरदर्द की शिकायत है। पुलिस ने मेडिकल जांच के साथ आगे की जांच शुरू कर दी है।
बताया जा रहा है कि पीड़ित पहले कोयला कारोबार से जुड़ा रहा है और स्थानीय राजनीतिक हलकों में सक्रिय रहा है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और आगे की कार्रवाई रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी।

