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भिलाई में एकतरफा प्यार का खौफनाक अंत: फार्मेसी छात्रा की गला दबाकर हत्या, फिर चाकू से किए 10 वार

छत्तीसगढ़ के भिलाई में एकतरफा प्रेम के चलते 19 वर्षीय फार्मेसी छात्रा की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोपी ने पहले छात्रा का गला दबाया और फिर चाकू से कई वार कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद पुलिस ने आरोपी को रायपुर से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी की पहचान बलौदाबाजार निवासी पिंटू साहू के रूप में हुई है, जबकि मृतका खुशी साहू बेमेतरा की रहने वाली थी और भिलाई में किराए के कमरे में रहकर फार्मेसी की पढ़ाई कर रही थी। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी लंबे समय से छात्रा को अलग-अलग मोबाइल नंबरों से फोन कर परेशान कर रहा था। छात्रा द्वारा उसका नंबर ब्लॉक किए जाने के बाद वह नाराज हो गया। बताया जा रहा है कि घटना वाले दिन आरोपी पहले छात्रा की सहेली से संपर्क करने की कोशिश की और फिर सीधे उसके किराए के कमरे पर पहुंच गया। उस समय छात्रा की रूममेट बाथरूम में थी और वह कमरे में अकेली थी। पुलिस जांच के मुताबिक, कमरे में दोनों के बीच विवाद हुआ। इसके बाद आरोपी ने पहले छात्रा का गला दबाया और फिर चाकू से पीठ, हाथ और पेट पर करीब 10 वार किए। गंभीर चोटों और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण छात्रा की मौके पर ही मौत हो गई। हमले के दौरान आरोपी के हाथ में भी चोट आई, जिसके बाद वह घटनास्थल से फरार होकर रायपुर पहुंच गया। घटना का पता तब चला जब रूममेट बाथरूम से बाहर आई और छात्रा को खून से लथपथ हालत में देखा। इसके बाद मकान मालिक और स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस को सूचना दी गई। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने छात्रा को मृत घोषित कर दिया। जांच में यह भी सामने आया है कि छात्रा ने कुछ दिन पहले अपने भाई को बताया था कि एक युवक लगातार अलग-अलग नंबरों से फोन कर उसे परेशान कर रहा है। आरोपी ने कथित तौर पर छात्रा के भाई और उस कैफे संचालक को भी धमकी दी थी, जहां वह पार्ट-टाइम काम करती थी। पुलिस के अनुसार आरोपी छात्रा पर शादी का दबाव बना रहा था। पुलिस ने बताया कि हत्या में इस्तेमाल किया गया चाकू आरोपी ने ऑनलाइन मंगवाया था। आरोपी को रायपुर से गिरफ्तार कर लिया गया है और घटनास्थल पर ले जाकर सीन रिक्रिएट कराया गया। मामले की विस्तृत जांच जारी है और पुलिस हत्या की पूरी साजिश तथा घटनाक्रम की पड़ताल कर रही है।

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Bhilai / Durg, Crime

छत्तीसगढ़ मानसून सत्र: कांग्रेस अविश्वास प्रस्ताव की तैयारी में, कल विधायक दल की बैठक में होगा अंतिम फैसला

छत्तीसगढ़ विधानसभा के आगामी मानसून सत्र से पहले प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस राज्य सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने पर विचार कर रही है। इस संबंध में अंतिम निर्णय रविवार शाम होने वाली कांग्रेस विधायक दल की बैठक में लिया जाएगा। जानकारी के अनुसार, नेता प्रतिपक्ष के सरकारी निवास पर शाम 5 बजे कांग्रेस विधायक दल की बैठक आयोजित की गई है। बैठक में विधानसभा सत्र की रणनीति तय करने के साथ यह भी फैसला होगा कि सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया जाए या नहीं। यदि प्रस्ताव लाया जाता है, तो कांग्रेस सरकार को कई अहम मुद्दों पर घेरने की तैयारी में है। इनमें नकटी गांव में कथित प्रधानमंत्री आवास तोड़े जाने का मामला, प्रदेश की कानून-व्यवस्था, जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग, किसानों को खाद की कमी, बिजली दरों में वृद्धि, महिलाओं की सुरक्षा, बेरोजगारी और भर्ती प्रक्रिया में देरी जैसे विषय शामिल हैं। कांग्रेस का कहना है कि इन मुद्दों पर सरकार से सदन में जवाब मांगा जाएगा और पूरे मानसून सत्र के दौरान इन विषयों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और सभी विधायकों की मौजूदगी में रविवार की बैठक में विधानसभा की रणनीति को अंतिम रूप दिया जाएगा। छत्तीसगढ़ विधानसभा का पांच दिवसीय मानसून सत्र 13 जुलाई से शुरू होगा। सत्र भले ही अवधि में छोटा हो, लेकिन राजनीतिक दृष्टि से इसे काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विपक्ष सरकार को विभिन्न मुद्दों पर घेरने की तैयारी में है, जबकि सत्ता पक्ष भी अपने जवाब और रणनीति को अंतिम रूप दे रहा है। इस बार विधानसभा सचिवालय में कुल 1033 प्रश्न जमा किए गए हैं। इनमें 36 विधायकों ने नियमों के अनुसार अधिकतम 20-20 प्रश्न लगाए हैं। खास बात यह है कि प्रश्न पूछने वालों में विपक्ष के साथ-साथ सत्ता पक्ष के विधायक भी शामिल हैं। ऐसे में सत्र के दौरान विभिन्न विभागों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। अविश्वास प्रस्ताव क्या होता है? अविश्वास प्रस्ताव पूरी सरकार के खिलाफ लाया जाता है, किसी एक मंत्री या विभाग के खिलाफ नहीं। यदि विपक्ष इसे सदन में प्रस्तुत करता है, तो सरकार के कामकाज, कानून-व्यवस्था, किसानों, रोजगार, भ्रष्टाचार और अन्य प्रमुख विषयों पर व्यापक चर्चा होती है। अंत में मतदान के माध्यम से यह तय किया जाता है कि सरकार के पास सदन का बहुमत और विश्वास कायम है या नहीं।

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Political, Raipur

रायपुर: मंदिर की प्राचीन बावड़ी में डूबने से दो मासूम बच्चों की मौत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

रायपुर जिले के धरसीवां थाना क्षेत्र में स्थित कुंबरगढ़ के प्राचीन चतुर्भुजी मंदिर परिसर में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। मंदिर की प्राचीन बावड़ी में डूबने से दो छोटे बच्चों की जान चली गई। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है। पुलिस के अनुसार, मृत बच्चों की पहचान 7 वर्षीय साक्षी साहू और 4 वर्षीय श्रवण धीवर, निवासी ग्राम कुर्रा, धरसीवां के रूप में हुई है। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, दोनों बच्चे अन्य बच्चों के साथ मंदिर परिसर के आसपास खेल रहे थे। इसी दौरान वे बावड़ी के किनारे पहुंच गए और अचानक संतुलन बिगड़ने से गहरे पानी में गिर पड़े। जब काफी देर तक दोनों बच्चे दिखाई नहीं दिए, तो परिजनों और ग्रामीणों ने उनकी तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान दोनों को बावड़ी से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। सूचना मिलने पर धरसीवां पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटना के बाद ग्रामीणों ने मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था की कमी पर नाराजगी जताई। उनका कहना है कि यह बावड़ी काफी गहरी है, लेकिन इसके चारों ओर न तो पर्याप्त घेराबंदी की गई है और न ही किसी प्रकार के चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले भी सुरक्षा उपायों की मांग की गई थी, लेकिन प्रशासन ने इस दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाए। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए बावड़ी के चारों ओर मजबूत सुरक्षा दीवार, लोहे की जाली और स्पष्ट चेतावनी संकेत लगाए जाएं, ताकि किसी अन्य परिवार को इस तरह की त्रासदी का सामना न करना पड़े।

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Accident, Raipur

भिलाई में पीजी के कमरे में नर्सिंग छात्रा की हत्या, धारदार हथियार से हमला कर आरोपी फरार

भिलाई के वैशाली नगर थाना क्षेत्र में शुक्रवार को एक 19 वर्षीय नर्सिंग छात्रा की उसके पीजी के कमरे में हत्या कर दी गई। पुलिस के अनुसार, अज्ञात युवक ने कमरे में घुसकर धारदार हथियार से हमला किया और मौके से फरार हो गया। गंभीर रूप से घायल छात्रा को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका की पहचान खुशी साहू (19) के रूप में हुई है। वह बेमेतरा जिले के बेरला क्षेत्र के ग्राम कुम्ही की निवासी थी। करीब एक महीने पहले ही वह नर्सिंग की पढ़ाई के लिए भिलाई आई थी। पढ़ाई का खर्च स्वयं उठाने के उद्देश्य से वह एक निजी कैफे में भी काम कर रही थी। पुलिस के अनुसार, घटना शुक्रवार सुबह करीब 11:30 से 12 बजे के बीच हुई। उस समय खुशी की रूममेट नहाने गई हुई थी। इसी दौरान एक युवक कमरे में पहुंचा और खुशी पर धारदार हथियार से कई वार कर फरार हो गया। जब रूममेट बाहर आई तो उसने खुशी को खून से लथपथ हालत में देखा और मकान मालिक तथा पुलिस को सूचना दी। पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और घायल छात्रा को सुपेला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक जांच में पुलिस को एक युवक के साथ मृतका की बातचीत की जानकारी मिली है। संदेह के आधार पर एक कथित परिचित युवक की तलाश की जा रही है। हालांकि पुलिस का कहना है कि हत्या के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं है और सभी पहलुओं से जांच जारी है। घटना के बाद पुलिस ने रूममेट से भी पूछताछ शुरू की है। परिजनों के अनुसार, शुरुआत में उन्हें बताया गया था कि खुशी ने अपने हाथ की नस काट ली है, लेकिन बाद में अस्पताल पहुंचने पर जानकारी मिली कि एक युवक ने कमरे में घुसकर उस पर धारदार हथियार से हमला किया था। मृतका के परिजनों का कहना है कि खुशी अपने पैरों पर खड़ा होकर पढ़ाई पूरी करना चाहती थी। इसी उद्देश्य से उसने कॉलेज शुरू होने से पहले ही कैफे में नौकरी शुरू कर दी थी। भिलाई नगर सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। साथ ही मृतका के परिचितों, रूममेट और अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच के बाद हत्या के कारणों और हमले से जुड़ी अन्य जानकारियां स्पष्ट हो सकेंगी। नोट: पुलिस की जांच जारी है। कथित प्रेम संबंध या अन्य किसी भी कारण की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।

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Bhilai / Durg, Crime

बिलासपुर: टीवी खरीदने जा रहे दो दोस्तों को हाईवा ने मारी टक्कर, एक की मौत, दूसरा गंभीर

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में एक दर्दनाक सड़क हादसे में स्कूटी सवार एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि उसका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा पचपेड़ी थाना क्षेत्र के बिनौरी मोड़ के पास हुआ, जहां तेज रफ्तार हाईवा ने स्कूटी को टक्कर मार दी। जानकारी के मुताबिक, लोहर्सी निवासी 50 वर्षीय बरन भानु अपने मित्र बंशी श्रीवास के साथ स्कूटी से मल्हार जा रहे थे। परिवार में शादी होने के कारण दोनों दहेज में देने के लिए टीवी खरीदने बाजार निकले थे। इसी दौरान सामने से आ रही हाईवा ने उनकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि दोनों सड़क पर दूर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत डायल-112 और पुलिस को सूचना दी। पुलिस और राहगीरों की मदद से दोनों घायलों को पहले मस्तूरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बिलासपुर के सिम्स अस्पताल रेफर किया गया। इलाज के दौरान शुक्रवार सुबह बरन भानु ने दम तोड़ दिया, जबकि बंशी श्रीवास का इलाज सिम्स अस्पताल में जारी है। उनकी हालत फिलहाल गंभीर बताई जा रही है। हादसे की खबर मिलते ही मृतक के परिवार में शोक की लहर दौड़ गई। जिस घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं, वहां अब मातम का माहौल है। दुर्घटना के बाद हाईवा चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। पचपेड़ी पुलिस ने हाईवा को जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

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Accident, Bilaspur

बीजेपी प्रदेश कार्यसमिति बैठक शुरू, संगठन मजबूत करने और आगामी रणनीति पर मंथन

भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक शुक्रवार को रायपुर स्थित कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में शुरू हुई। बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव, संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारी और विभिन्न प्रकोष्ठों के प्रदेश संयोजक एवं पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक के दौरान संगठन की वर्तमान गतिविधियों की समीक्षा की जा रही है। इसके साथ ही पार्टी को बूथ स्तर तक और अधिक मजबूत बनाने की रणनीति तथा आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों पर विस्तार से चर्चा हो रही है। बैठक में सभी प्रकोष्ठों के कार्यों का मूल्यांकन किया जाएगा। साथ ही आने वाले समय में चलाए जाने वाले जनसंपर्क अभियान, संगठनात्मक गतिविधियों और पार्टी के कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तय की जाएगी। सूत्रों के अनुसार, विभिन्न प्रकोष्ठों को समाज के अलग-अलग वर्गों तक केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं तथा उपलब्धियों को प्रभावी ढंग से पहुंचाने की जिम्मेदारी भी दी जा सकती है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बैठक में सरकार के कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं को लेकर पदाधिकारियों को संबोधित करेंगे। वहीं, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव संगठन की प्राथमिकताओं, आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों और कार्यकर्ताओं की भूमिका को लेकर दिशा-निर्देश देंगे। सरकार और संगठन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। यह बैठक ऐसे समय आयोजित हो रही है, जब 13 जुलाई से छत्तीसगढ़ विधानसभा का मानसून सत्र शुरू होने वाला है। इसके अलावा भाजपा आने वाले महीनों में कई संगठनात्मक और जनसंपर्क कार्यक्रमों की तैयारी में जुटी हुई है। इसी को ध्यान में रखते हुए बैठक को संगठन की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बैठक के दौरान विभिन्न प्रकोष्ठों से फीडबैक और सुझाव भी लिए जा रहे हैं, ताकि भविष्य के कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी और व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जा सके।

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Political, Raipur

कोल लेवी घोटाला: EOW का दावा- पार्टी फंड के नाम पर 800 करोड़ जुटाने के आरोप में रामगोपाल अग्रवाल रिमांड पर

छत्तीसगढ़ के चर्चित कोल लेवी घोटाले में गिरफ्तार कांग्रेस के पूर्व प्रदेश कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को लेकर आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने कोर्ट में कई गंभीर दावे किए हैं। जांच एजेंसी के अनुसार, पार्टी फंड के नाम पर करीब 800 करोड़ रुपये एकत्र किए गए, जिनकी एंट्री और प्रबंधन की जिम्मेदारी रामगोपाल अग्रवाल के पास थी। EOW का कहना है कि कथित तौर पर यह रकम बोरी और कार्टन में भरकर कांग्रेस भवन लाई जाती थी। इसके बाद हवाला नेटवर्क के जरिए धनराशि दिल्ली भेजी जाती थी। जांच एजेंसी का दावा है कि कोल लेवी से प्राप्त करोड़ों रुपये के लेन-देन में रामगोपाल अग्रवाल की अहम भूमिका रही। कोर्ट में पेश दस्तावेजों के अनुसार, कांग्रेस के अकाउंटेंट और रामगोपाल अग्रवाल के निजी सहायक देवेंद्र डड़सेना ने अपने बयान में कहा कि कथित कोल लेवी की राशि कांग्रेस भवन पहुंचती थी, जहां से उसका संचालन रामगोपाल अग्रवाल के माध्यम से किया जाता था। EOW के मुताबिक, कोल लेवी से 52 करोड़ 62 लाख 20 हजार रुपये सीधे उनके पास पहुंचे थे। जांच के दौरान कुछ कारोबारियों के बयान भी दर्ज किए गए हैं। एजेंसी के अनुसार, भिलाई के कारोबारी लक्ष्मीनारायण बंसल उर्फ पप्पू ने बयान में कहा कि दीपेन चावड़ा के माध्यम से लगभग 800 करोड़ रुपये कांग्रेस भवन भेजे गए थे। वहीं, निखिल चंद्राकर ने भी कथित कोल लेवी की राशि रामगोपाल अग्रवाल तक पहुंचने की बात स्वीकार की है। पूछताछ में रामगोपाल अग्रवाल ने बताया कि रायपुर छोड़ने के बाद वे ओडिशा, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, केरल, राजस्थान, मध्यप्रदेश और दिल्ली सहित आठ राज्यों में रहे। इस दौरान उन्होंने पुरी, वाराणसी और प्रयागराज जैसे धार्मिक स्थलों के दर्शन किए और विशेष पूजा भी कराई। EOW का कहना है कि फरारी के दौरान भी वे परिवार, कुछ नेताओं और कारोबारियों के संपर्क में बने रहे। जांच एजेंसी के मुताबिक, इस पूरे मामले का खुलासा 30 जून 2022 को आयकर विभाग द्वारा कोल कारोबारी सूर्यकांत तिवारी और उसके सहयोगियों के ठिकानों पर की गई छापेमारी के दौरान बरामद दस्तावेजों और डायरी से हुआ था। बाद में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की रिपोर्ट के आधार पर EOW ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की। रामगोपाल अग्रवाल ने 8 जुलाई 2026 को सरेंडर किया था। अगले दिन उन्हें विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां EOW ने 14 दिन की रिमांड की मांग की थी। हालांकि अदालत ने 9 दिन की रिमांड मंजूर करते हुए उन्हें 17 जुलाई तक पूछताछ के लिए एजेंसी की हिरासत में भेज दिया। जांच एजेंसियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर कस्टम मिलिंग, डीएमएफ और शराब घोटाले से जुड़े मामलों में भी आगे कार्रवाई हो सकती है। वहीं, ED भी इस प्रकरण में अलग से जांच और कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है। नोट: ये आरोप आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) द्वारा अदालत में प्रस्तुत दस्तावेजों और जांच के दावों पर आधारित हैं। मामले की सुनवाई न्यायालय में लंबित है और अंतिम निर्णय अभी आना बाकी है।

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राजनांदगांव में पहली बारिश में धंसा 26 करोड़ का रेलवे ओवरब्रिज, विधानसभा अध्यक्ष ने रेल मंत्री से मांगी जांच

छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में प्रधानमंत्री गति शक्ति योजना के तहत निर्मित लगभग 26 करोड़ रुपये के रेलवे ओवरब्रिज में पहली ही बारिश के बाद गंभीर निर्माण संबंधी खामियां सामने आई हैं। जून में लोकार्पण के कुछ समय बाद हुई बारिश में ओवरब्रिज की सड़क धंस गई और उस पर बड़ी दरारें दिखाई देने लगीं। मामले को गंभीर मानते हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। बारिश के बाद सड़क में आई बड़ी दरारें डोंगरगढ़-राजनांदगांव रेलखंड पर बने इस ओवरब्रिज में 4 और 5 जुलाई की बारिश के बाद करीब 60 से 70 फीट लंबी तथा 15 से 20 सेंटीमीटर चौड़ी दरारें दिखाई दीं। सड़क का एक हिस्सा धंसने से ओवरब्रिज की संरचना पर सवाल उठने लगे हैं। निर्माण सामग्री को लेकर आरोप स्थानीय स्तर पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि टेंडर की शर्तों के अनुसार बेस में उच्च गुणवत्ता की मुरुम का उपयोग किया जाना था, लेकिन उसकी जगह साधारण मिट्टी का इस्तेमाल किया गया। आरोप है कि बारिश के कारण मिट्टी बैठने से सड़क धंस गई। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी। गुणवत्ता जांच पर भी उठे सवाल मामले में निर्माण सामग्री की गुणवत्ता जांच और तकनीकी परीक्षण की प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े किए जा रहे हैं। आरोप है कि पर्याप्त परीक्षण के बिना ही ओवरब्रिज को यातायात के लिए खोल दिया गया था। अस्थायी मरम्मत के बाद भी जारी है आवाजाही प्रशासन ने फिलहाल दरारों को सीमेंट से भरकर अस्थायी मरम्मत की है। इसके बावजूद ओवरब्रिज से भारी वाहनों का आवागमन जारी है, जिससे स्थानीय लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है। रेल मंत्री से की गई प्रमुख मांगें डॉ. रमन सिंह ने अपने पत्र में पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने, निर्माण एजेंसी, ठेकेदार, कंसल्टेंट और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने तथा तकनीकी सुरक्षा परीक्षण के बाद आवश्यक मरम्मत या पुनर्निर्माण कराने की मांग की है।

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भिलाई के होटल में 19 वर्षीय म्यूजिक आर्टिस्ट की संदिग्ध मौत, परिवार ने हत्या का लगाया आरोप; पुलिस जांच में जुटी

छत्तीसगढ़ के भिलाई में एक होटल के कमरे से 19 वर्षीय म्यूजिक आर्टिस्ट शादाब का शव मिलने से सनसनी फैल गई। घटना सुपेला थाना क्षेत्र की है। शुरुआती जांच में पुलिस इसे आत्महत्या का मामला मानकर जांच कर रही है, जबकि मृतक के परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। जानकारी के अनुसार, शादाब मंगलवार को अपनी गर्लफ्रेंड के साथ होटल में ठहरा था। बाद में उसके दोस्तों को सूचना मिली कि वह बेहोश है। जब दोस्त और परिजन होटल पहुंचे तो कमरे का दरवाजा युवती ने खोला। अंदर शादाब का शव बेड पर पड़ा मिला, जबकि कमरे में पंखे से एक स्कार्फ बंधा हुआ था। परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप मृतक के भाई अल्ताफ शेख का आरोप है कि शादाब आत्महत्या नहीं कर सकता। उनका कहना है कि शव पर चोट के निशान थे और घटनास्थल की परिस्थितियां भी संदेह पैदा करती हैं। परिवार ने आरोप लगाया है कि यह हत्या का मामला हो सकता है और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। परिजनों के अनुसार, शादाब पिछले लगभग छह महीनों से युवती के साथ रिश्ते में था। उनका दावा है कि घटना से पहले दोनों के बीच विवाद हुआ था। दोस्तों ने बताई घटनाक्रम की जानकारी दोस्तों के मुताबिक, शादाब का अपनी पूर्व गर्लफ्रेंड से ब्रेकअप हो चुका था। घटना वाले दिन उसकी पूर्व गर्लफ्रेंड का फोन आने के बाद होटल में मौजूद दोनों के बीच विवाद हुआ था। परिजनों का यह भी दावा है कि रात में जब दोस्त होटल पहुंचे तो कमरे का दरवाजा नहीं खुला। सुबह युवती को कमरे से बाहर निकलते और फिर वापस अंदर जाते हुए होटल के सीसीटीवी कैमरों में देखा गया। बाद में दरवाजा खुलने पर शादाब का शव कमरे के भीतर मिला। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। सुपेला थाना पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, मौत के वास्तविक कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने कहा है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट निष्कर्ष सामने आएगा।

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Bhilai / Durg, Crime

बिलासपुर के स्कूल में पुलिस की जागरूकता क्लास, छात्रों को साइबर सुरक्षा, पॉक्सो कानून और ट्रैफिक नियमों की दी जानकारी

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में पुलिस ने छात्रों को कानून और सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विशेष अभियान चलाया। पचपेड़ी थाना क्षेत्र के ग्राम जोंधरा स्थित हायर सेकेंडरी स्कूल में आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को साइबर अपराध, पॉक्सो एक्ट, यातायात नियमों और ग्रामीण क्षेत्रों में होने वाली ठगी से बचाव की महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। साइबर ठगी से बचने के बताए उपाय पुलिस अधिकारियों ने छात्रों को बताया कि साइबर अपराधी मोबाइल कॉल, फर्जी लिंक और ऑनलाइन माध्यमों के जरिए लोगों को ठगी का शिकार बनाते हैं। विद्यार्थियों को सलाह दी गई कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, बैंक खाते की जानकारी या अन्य व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें और संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें। पॉक्सो कानून और शिकायत प्रक्रिया की जानकारी थाना प्रभारी कमला पुसाम और उनकी टीम ने पॉक्सो एक्ट, छेड़छाड़, यौन अपराध और शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया पर विस्तार से जानकारी दी। पुलिस ने छात्रों को बताया कि किसी भी प्रकार की घटना होने पर बिना डर के शिकायत करें। शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाती है और कानून पीड़ितों की सुरक्षा सुनिश्चित करता है। यातायात नियमों का पालन करने की अपील कार्यक्रम में सड़क सुरक्षा पर भी विशेष जोर दिया गया। छात्रों को हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने, शराब पीकर वाहन नहीं चलाने, तेज गति से बचने तथा 18 वर्ष की आयु से पहले वाहन नहीं चलाने की सलाह दी गई। पुलिस ने दोपहिया वाहन पर निर्धारित क्षमता से अधिक सवारी न बैठाने की भी अपील की। संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत दें सूचना पुलिस ने ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय ठगी करने वाले गिरोहों, संदिग्ध फेरीवालों और चोरी की रेकी करने वाले लोगों से सतर्क रहने को कहा। यदि किसी संदिग्ध व्यक्ति की गतिविधि दिखाई दे तो उसकी सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस थाने को देने की सलाह दी गई। अंधविश्वास के खिलाफ भी किया जागरूक कार्यक्रम के दौरान टोनही प्रताड़ना, जादू-टोना और अंधविश्वास जैसी सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ भी विद्यार्थियों को जागरूक किया गया। पुलिस ने छात्रों से अपील की कि वे यह जानकारी अपने परिवार और आसपास के लोगों तक भी पहुंचाएं, ताकि समाज में जागरूकता बढ़ सके। थाना प्रभारी कमला पुसाम ने बताया कि जिले में साइबर सुरक्षा, महिला एवं बाल सुरक्षा तथा सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता अभियान लगातार चलाया जा रहा है, जिससे लोगों को अपराधों से बचाने और कानून के प्रति जागरूक करने में मदद मिल सके।

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