May 2026

डोंगरगढ़ बम्लेश्वरी मंदिर में मुर्गे की बलि से विवाद गहराया, बैगा समाज के राज बैगा गिरफ्तार, आंदोलन की चेतावनी

डोंगरगढ़ स्थित मां बम्लेश्वरी मंदिर एक बार फिर विवादों में घिर गया है। कथित तौर पर मंदिर परिसर में मुर्गे की बलि और बैगा परंपरा से पूजा को लेकर हुए विवाद के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है। इस घटना में राज बैगा किशोर नेताम की गिरफ्तारी के बाद आदिवासी समाज में नाराज़गी बढ़ गई है। जानकारी के अनुसार 19 मई को मंदिर के ऊपरी परिसर में पुराने रोपवे के पास एक चट्टान को ‘गढ़ माता’ मानकर बैगा परंपरा के अनुसार पूजा-अर्चना की गई थी। इसी दौरान मुर्गे की बलि देने का आरोप सामने आया, जिसके बाद स्थिति विवादित हो गई। घटना के बाद मंदिर ट्रस्ट समिति के अध्यक्ष Manoj Agrawal ने डोंगरगढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में कहा गया कि इस घटना से मंदिर की धार्मिक मर्यादा भंग हुई है और श्रद्धालुओं की भावनाएं आहत हुई हैं। ट्रस्ट का कहना है कि मंदिर परिसर में केवल सनातन वैदिक परंपरा के अनुसार ही पूजा की अनुमति है और किसी भी प्रकार की बलि प्रथा स्वीकार नहीं की जा सकती। वहीं दूसरी ओर आदिवासी और गोंड समाज ने इस कार्रवाई पर आपत्ति जताई है। समाज का कहना है कि मां बम्लेश्वरी धाम से उनकी आस्था और बैगा परंपरा सदियों से जुड़ी हुई है और इसे अपराध मानकर कार्रवाई करना गलत है। आदिवासी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि न्याय नहीं मिला तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस पूरे मामले पर डोंगरगढ़ एसडीओपी Kesari Nandan Nayak ने बताया कि 19 मई को अनुमति लेकर आदिवासी समाज के कुछ लोगों ने पूजा की थी। प्रशासन की अनुमति के बाद चट्टान को गढ़ माता मानकर पूजा शुरू की गई थी। इसी दौरान कथित रूप से मुर्गे की बलि दी गई। उन्होंने बताया कि ट्रस्ट समिति की शिकायत के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है और आरोपी किशोर नेताम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। मामले की जांच जारी है। फिलहाल गिरफ्तारी के बाद विवाद और गहरा गया है और आदिवासी समाज में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।

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Religion, State, Top News

पुलिस लाइन में 541 जवानों की जनरल परेड, एसपी ने लिया अनुशासन और फिटनेस का निरीक्षण

पुलिस लाइन में आयोजित जनरल परेड में जिले के विभिन्न थाना, शाखा और इकाइयों से कुल 541 अधिकारी और जवान शामिल हुए। परेड के दौरान पुलिस अधीक्षक ने जवानों की वर्दी, अनुशासन, शारीरिक दक्षता, टर्न आउट और परेड संचालन का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने सभी अधिकारियों और जवानों को अनुशासन, समय पालन, फिटनेस और कर्तव्यनिष्ठा बनाए रखने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने तथा आम जनता के साथ संवेदनशील और सौहार्दपूर्ण व्यवहार अपनाने पर जोर दिया। पुलिस अधीक्षक ने ड्यूटी के दौरान सतर्क रहने, नियमित शारीरिक प्रशिक्षण करने और बेहतर समन्वय व टीम भावना के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि पुलिस बल की कार्यक्षमता और शारीरिक फिटनेस बनाए रखने के लिए नियमित परेड और प्रशिक्षण बेहद जरूरी है। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Akshay Sabadra, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Sushil Nayak, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Aishwarya Chandraakar सहित जिले के सभी उप पुलिस अधीक्षक, थाना प्रभारी, रक्षित निरीक्षक और अन्य पुलिस अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

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BASTAR, GOVERNMENT

रायगढ़ में भीषण आग: कबाड़ गोदाम से फैली लपटों ने 43 बाइक जलाईं, करोड़ों का नुकसान

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में शनिवार दोपहर एक बड़ा अग्निकांड सामने आया, जहां कबाड़ और प्लास्टिक गोदाम में लगी भीषण आग ने पास स्थित बाइक शोरूम को भी अपनी चपेट में ले लिया। इस हादसे में करीब 43 बाइक पूरी तरह जलकर राख हो गईं। जानकारी के अनुसार, आग छातामुड़ा रोड स्थित कबाड़ और प्लास्टिक सामग्री से भरे गोदाम में अचानक भड़की। चूंकि गोदाम में बड़ी मात्रा में ज्वलनशील सामग्री मौजूद थी, इसलिए आग तेजी से फैल गई और बगल में स्थित हीरो बाइक शोरूम तक पहुंच गई। आग की लपटों ने शोरूम में खड़ी नई और पुरानी मिलाकर लगभग 43 बाइकें नष्ट कर दीं। इसके अलावा शोरूम और वर्कशॉप में रखा अन्य सामान भी जल गया। आग बढ़ते देख कर्मचारियों ने कुछ नई बाइकें बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर रखीं। हादसे के दौरान बाहर निकाली गई 2-3 बाइक चोरी होने की भी सूचना मिली है, जिसकी शिकायत पुलिस को दे दी गई है। आग की चपेट में एक माजदा वाहन और एक छोटा हाथी (टाटा ऐस) भी आकर पूरी तरह जल गए। आग पर काबू पाने के लिए दमकल विभाग की करीब 11 गाड़ियों को लगाया गया। कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर लगभग नियंत्रण पा लिया गया, लेकिन गोदाम के अंदर अभी भी धुआं उठ रहा है क्योंकि प्लास्टिक सामग्री अंदर तक सुलग रही है। जिला फायर ब्रिगेड के अधिकारियों के अनुसार, आग बुझाने में काफी कठिनाई आई क्योंकि ऊपर से आग बुझने के बाद भी अंदर की परतों में आग सुलगती रही और बार-बार भड़कती रही। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है और जांच जारी है। शुरुआती आकलन के अनुसार कुल नुकसान काफी बड़ा बताया जा रहा है।

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Accident, Raigarh, State, Top News

AIIMS रायपुर की बड़ी उपलब्धि: 10 महीने के मासूम की दुर्लभ हार्ट सर्जरी सफल, नई जिंदगी मिली

AIIMS Raipur ने बाल हृदय चिकित्सा के क्षेत्र में एक बड़ी सफलता हासिल की है। यहां डॉक्टरों ने 10 महीने के एक मासूम बच्चे की बेहद जटिल और दुर्लभ हृदय सर्जरी सफलतापूर्वक की, जिससे उसे नई जिंदगी मिली। बच्चा ‘एएलसीएपीए’ (Anomalous Left Coronary Artery from the Pulmonary Artery) नाम की गंभीर और जन्मजात हृदय बीमारी से पीड़ित था। यह बीमारी लगभग 3 लाख नवजात शिशुओं में से किसी एक में पाई जाती है और समय पर इलाज न मिलने पर जानलेवा साबित हो सकती है। रायपुर जिले के इस मासूम की हालत बेहद नाजुक थी। गंभीर जोखिम के कारण कई अस्पतालों ने इलाज करने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद उसे AIIMS रायपुर रेफर किया गया। यह जटिल ऑपरेशन कई विभागों की संयुक्त टीम ने मिलकर किया, जिसमें कार्डियोथोरेसिक एंड वैस्कुलर सर्जरी, कार्डियोलॉजी, कार्डियक एनेस्थीसिया, रेडियोलॉजी और पीडियाट्रिक्स विभाग शामिल रहे। डॉक्टरों के अनुसार बच्चे का हृदय कार्य (Left Ventricular Ejection Fraction) केवल 20 प्रतिशत रह गया था, साथ ही गंभीर माइट्रल रिगर्जिटेशन ने स्थिति को और कठिन बना दिया था। कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. नाइक के मुताबिक यह बीमारी जन्मजात हृदय रोगों में सबसे जटिल मानी जाती है और इसका इलाज दुनिया के चुनिंदा बड़े मेडिकल संस्थानों में ही संभव हो पाता है। सर्जरी के दौरान और बाद में क्रिटिकल केयर टीम ने लगातार निगरानी रखी। शुरुआती 24 घंटे बच्चे के लिए बेहद महत्वपूर्ण थे, जिसमें उसे विशेष जीवन रक्षक सहायता दी गई। ऑपरेशन के बाद बच्चे की हालत में तेजी से सुधार हुआ। दूसरे ही दिन उसे वेंटिलेटर से हटा दिया गया और 9वें दिन उसे पूरी तरह स्वस्थ और स्थिर स्थिति में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

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Health, Raipur, State, Top News

UPSC Prelims 2026: छत्तीसगढ़ में 13 हजार से ज्यादा अभ्यर्थियों ने दी परीक्षा, फेस स्कैन के बाद मिली एंट्री

संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा 2026 आज 24 मई को छत्तीसगढ़ में शांतिपूर्ण तरीके से आयोजित की गई। परीक्षा के लिए रायपुर और बिलासपुर में केंद्र बनाए गए थे, जहां कुल 13 हजार 319 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए। रायपुर के 22 परीक्षा केंद्रों में 8 हजार 449 उम्मीदवारों ने परीक्षा दी, जबकि बिलासपुर के 14 केंद्रों में 4 हजार 870 परीक्षार्थी शामिल हुए। परीक्षा दो पालियों में आयोजित हुई। पहली पाली सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:30 बजे से 4:30 बजे तक चली। इस बार परीक्षा में पहली बार फेस ऑथेंटिकेशन सिस्टम लागू किया गया। परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले सभी अभ्यर्थियों का फेस स्कैन किया गया। पहचान सत्यापित होने के बाद ही उन्हें अंदर प्रवेश दिया गया। प्रशासन ने परीक्षा को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। सभी केंद्रों पर मेटल डिटेक्टर से जांच की गई और पुलिस पेट्रोलिंग टीम लगातार निगरानी करती रही। रायपुर कलेक्टर Gaurav Singh ने पहले ही अभ्यर्थियों को समय से पहले केंद्र पहुंचने की अपील की थी। निर्धारित समय के बाद किसी को भी एंट्री नहीं दी गई। रायपुर में परीक्षा केंद्रों के आसपास 500 मीटर के दायरे में ध्वनि प्रदूषण और अव्यवस्था रोकने के निर्देश भी जारी किए गए थे। गोपनीय परीक्षा सामग्री का वितरण जिला कोषालय से किया गया। बिलासपुर में कई सरकारी और निजी शिक्षण संस्थानों को परीक्षा केंद्र बनाया गया था, जिनमें शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज कोनी, सीएमडी कॉलेज, बिलासा गर्ल्स कॉलेज और स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल सहित कई संस्थान शामिल रहे।

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Education, GOVERNMENT, Raipur

कांग्रेस में बढ़ी अंदरूनी कलह! भूपेश बोले- सिंहदेव के बयानों पर नहीं देता प्रतिक्रिया

छत्तीसगढ़ कांग्रेस में प्रदेश अध्यक्ष पद को लेकर जारी सियासी बयानबाजी अब खुलकर सामने आने लगी है। पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel ने टीएस सिंहदेव और दीपक बैज के बीच चल रही चर्चाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे सिंहदेव के बयानों पर कोई टिप्पणी नहीं करते। रायपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान भूपेश बघेल ने कहा कि Deepak Baij पिछले साढ़े तीन साल से प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में संगठन की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। पार्टी में किसे नेता प्रतिपक्ष या प्रदेश अध्यक्ष बनाया जाएगा, यह फैसला कांग्रेस हाईकमान का होता है और वे इस मामले में अपनी ओर से कोई राय नहीं देते। दरअसल, हाल ही में T. S. Singh Deo ने एक इंटरव्यू में कहा था कि यदि पार्टी उन्हें प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी देती है, तो वे उसे निभाने के लिए तैयार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वे छत्तीसगढ़ में रहकर ही संगठन और जनता के बीच काम करना चाहते हैं। सिंहदेव के इस बयान पर दीपक बैज ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि बाबा साहब बड़े नेता हैं और उन्हें दिल्ली में जाकर पार्टी के लिए काम करना चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रदेश में युवाओं को आगे आने का मौका मिलना चाहिए। टीएस सिंहदेव ने अपने बयान में यह भी कहा था कि हर कांग्रेसी की पहली जिम्मेदारी अपने क्षेत्र और संगठन को मजबूत करना है। उन्होंने इशारों में चुनावी प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि यह भी देखा जाना चाहिए कि कौन चुनाव जीता और कौन हारा। सिंहदेव ने यह भी स्वीकार किया कि वे खुद चुनाव हार चुके हैं, जबकि दीपक बैज भी चुनाव में हार का सामना कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने कई क्षेत्रों और लोकसभा चुनाव में भी अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर सकी। वहीं, बीजेपी ने कांग्रेस के भीतर चल रही इस बयानबाजी को लेकर निशाना साधा है। प्रदेश के मंत्री Ramvichar Netam ने कहा कि कांग्रेस का अंदरूनी विवाद समय-समय पर सार्वजनिक होता रहता है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में नेता एक-दूसरे को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं और पार्टी “यूज एंड थ्रो” की राजनीति करती है।

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Political, Raipur

इंदौर हनीट्रैप-2 में छत्तीसगढ़ के DIG का नाम आने से हड़कंप, 100 से ज्यादा आपत्तिजनक वीडियो बरामद

मध्य प्रदेश के इंदौर में सामने आए हनीट्रैप-2 केस ने एक बार फिर देशभर में सनसनी फैला दी है। इस मामले की जांच अब मध्य प्रदेश से निकलकर छत्तीसगढ़, गुजरात और दिल्ली तक पहुंच चुकी है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपियों के पास से नेताओं, अफसरों और कारोबारियों से जुड़े 100 से अधिक आपत्तिजनक वीडियो बरामद हुए हैं। इंदौर क्राइम ब्रांच का दावा है कि इन वीडियो में कई प्रभावशाली राजनीतिक चेहरे, बड़े कारोबारी और छत्तीसगढ़ पुलिस के DIG स्तर के अधिकारी भी शामिल हो सकते हैं। मामले में गिरफ्तार श्वेता विजय जैन, रेशू चौधरी और अलका दीक्षित से लगातार पूछताछ की जा रही है, जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, रेशू चौधरी के मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल डिवाइस से बड़ी संख्या में संवेदनशील वीडियो और डेटा मिले हैं। जांच एजेंसियों का कहना है कि इन वीडियो का इस्तेमाल कर रसूखदार लोगों को ब्लैकमेल किया जाता था और उनसे करोड़ों रुपए की वसूली की जाती थी। कुछ वीडियो को बेचने की तैयारी किए जाने की आशंका भी जताई जा रही है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि पूरा नेटवर्क बेहद योजनाबद्ध तरीके से संचालित किया जा रहा था। भोपाल से श्वेता विजय जैन पूरे नेटवर्क को संचालित करती थी, जबकि रेशू चौधरी कथित तौर पर लोगों को संपर्क में लाकर जाल में फंसाने का काम करती थी। जांच के दायरे में मध्य प्रदेश के कुछ नेता, मालवा-निमाड़ क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, एक पूर्व अधिकारी, छत्तीसगढ़ पुलिस के DIG रैंक के अफसर, दिल्ली के वरिष्ठ नेता और गुजरात के एक उद्योगपति के नाम सामने आने की चर्चा है। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि दिल्ली के एक बड़े नेता से करीब 4 करोड़ रुपए की उगाही की साजिश रची गई थी। इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब इंदौर के कारोबारी हितेंद्र उर्फ चिंटू ठाकुर ने शिकायत दर्ज कराई। आरोप है कि 28 अप्रैल को सुपर कॉरिडोर इलाके में अलका दीक्षित और उसके साथियों ने उनके साथ मारपीट की और कथित वीडियो वायरल करने की धमकी दी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए जयदीप, लाखन चौधरी, पत्रकार जितेंद्र पुरोहित और हेड कॉन्स्टेबल विनोद शर्मा समेत कई लोगों को गिरफ्तार किया है। अब जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इस पूरे नेटवर्क को किसी राजनीतिक या प्रशासनिक संरक्षण का समर्थन प्राप्त था। इधर, इंदौर हनीट्रैप कांड में छत्तीसगढ़ पुलिस के DIG स्तर के अधिकारी का नाम सामने आने की चर्चाओं के बाद पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है। विभाग के भीतर इस अधिकारी की पहचान को लेकर लगातार अटकलें लगाई जा रही हैं।

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Crime, Political

महासमुंद में अवैध रेत खनन पर बड़ी कार्रवाई: 2 मशीनें और 7 वाहन जब्त

छत्तीसगढ़ में अवैध रेत खनन और परिवहन के खिलाफ खनिज विभाग लगातार सख्त कार्रवाई कर रहा है। इसी कड़ी में महासमुंद जिले में केंद्रीय खनिज उड़नदस्ता और जिला खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 2 चैन माउंटेन मशीनों और 7 वाहनों को जब्त किया है। 23 मई 2026 की सुबह महासमुंद जिले की पिथौरा तहसील के ग्राम बल्दीडीह स्थित जोंक नदी में औचक निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान 2 चैन माउंटेन मशीनें अवैध रेत उत्खनन करते मिलीं। वहीं मौके पर 3 हाइवा और 4 ट्रैक्टर रेत परिवहन में लगे पाए गए। निरीक्षण के दौरान संबंधित पक्ष वैध अनुमति, अभिवाहन पास या अन्य जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। साथ ही स्वीकृत खदान क्षेत्र के बाहर खनन किए जाने की बात भी सामने आई। इसके बाद अधिकारियों ने तत्काल अवैध खनन कार्य बंद कराया। कार्रवाई के दौरान दोनों मशीनों को जब्त कर सील कर दिया गया और अगले आदेश तक खदान मुंशी की निगरानी में रखा गया है। वहीं 3 हाइवा और 4 ट्रैक्टरों को जब्त कर साकरा थाना परिसर में खड़ा कराया गया है। संबंधित खदान संचालक को नोटिस भी जारी किया गया है। इससे पहले भी खनिज विभाग ने मंदिर हसौद इलाके में कार्रवाई करते हुए दो चूना पत्थर खदानों को सील किया था और अवैध परिवहन में लगे 7 हाइवा वाहनों को जब्त किया गया था। अधिकारियों ने साफ कहा है कि अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद खनन कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा हुआ है।

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धमतरी पुलिस को मिली हाईटेक FSL मोबाइल यूनिट वैन, अब घटनास्थल पर ही होगी वैज्ञानिक जांच

धमतरी पुलिस को अपराध जांच को और अधिक आधुनिक और प्रभावी बनाने के लिए अत्याधुनिक एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) मोबाइल यूनिट वैन की सौगात मिली है। पुलिस लाइन रूद्री धमतरी में आयोजित कार्यक्रम में इस हाईटेक वैन का विधिवत शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में महापौर Jagdish Ramu Rohra, पूर्व विधायक Inderchand Chopra और पुलिस अधीक्षक Suraj Singh Parihar ने हरी झंडी दिखाकर वैन को रवाना किया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह हाईटेक मोबाइल यूनिट अब घटनास्थल पर पहुंचकर तुरंत वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने, फिंगरप्रिंट जांच, डिजिटल और भौतिक साक्ष्यों को सुरक्षित रखने, फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी और अन्य तकनीकी जांच कार्य करने में सक्षम होगी। इससे मौके पर ही प्रारंभिक वैज्ञानिक परीक्षण संभव हो सकेगा और जांच प्रक्रिया अधिक मजबूत और पारदर्शी बनेगी। धमतरी पुलिस ने बताया कि गंभीर और संवेदनशील मामलों की वैज्ञानिक तरीके से जांच के चलते वर्ष 2026 में अब तक 6 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा दिलाई जा चुकी है। अधिकारियों का मानना है कि नई एफएसएल मोबाइल यूनिट के जुड़ने से विवेचना प्रणाली और अधिक तेज, आधुनिक और तकनीकी रूप से सशक्त होगी। रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा प्रदेश के विभिन्न जिलों के लिए एफएसएल मोबाइल यूनिट वैन को रवाना किया गया था। धमतरी जिले के लिए उपलब्ध कराई गई वैन को वैज्ञानिक अधिकारी Amit Kumar Patel धमतरी लेकर पहुंचे। महापौर जगदीश रामू रोहरा ने धमतरी पुलिस की आधुनिक तकनीक आधारित कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए कहा कि नई सुविधा से अपराध जांच और अधिक प्रभावी होगी और लोगों का पुलिस एवं न्याय व्यवस्था पर भरोसा मजबूत होगा। वहीं पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने कहा कि बदलते अपराधों के स्वरूप को देखते हुए वैज्ञानिक और तकनीकी जांच बेहद जरूरी हो गई है। उन्होंने कहा कि एफएसएल मोबाइल यूनिट से साक्ष्य आधारित जांच मजबूत होगी और दोषसिद्धि दर बढ़ाने में मदद मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान वैज्ञानिक अधिकारी अमित कुमार पटेल ने वैन में मौजूद आधुनिक उपकरणों और उसकी कार्यप्रणाली की जानकारी जनप्रतिनिधियों, पुलिस अधिकारियों और मीडिया को दी।

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अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस पर कोपरा जलाशय में जागरूकता कार्यक्रम, स्वच्छता अभियान और बर्ड वॉक आयोजित

रायपुर के कोपरा जलाशय परिसर में अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता संवर्धन को लेकर जनजागरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को जैव विविधता के महत्व के प्रति जागरूक करना और प्रकृति संरक्षण के लिए सामूहिक भागीदारी को बढ़ावा देना था। कार्यक्रम की शुरुआत स्वच्छता अभियान से हुई, जिसमें नागरिकों, स्वयंसेवकों और पर्यावरण प्रेमियों ने जलाशय परिसर में सफाई कर स्वच्छ और हरित वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया। प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण के लिए मिलकर काम करने का संकल्प भी लिया। इसके बाद आयोजित बर्ड वॉक में लोगों ने क्षेत्र में मौजूद विभिन्न पक्षियों का अवलोकन किया। विशेषज्ञों ने बताया कि प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में पक्षियों की अहम भूमिका होती है। साथ ही जैव विविधता और पक्षियों के बीच संबंधों की भी जानकारी साझा की गई। आयोजकों ने कहा कि जैव विविधता का संरक्षण केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि समाज के हर व्यक्ति की सक्रिय भागीदारी जरूरी है। कार्यक्रम के जरिए लोगों को प्रकृति और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी समझाने का प्रयास किया गया।

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