Top News

छत्तीसगढ़ के Bilaspur में जिला न्यायालय को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी

छत्तीसगढ़ के Bilaspur में जिला न्यायालय को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। ई-मेल के जरिए भेजी गई इस धमकी के बाद पुलिस तुरंत अलर्ट मोड पर आ गई और कोर्ट परिसर की सुरक्षा बढ़ा दी गई। डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ते की टीम ने पूरे परिसर में सघन तलाशी अभियान चलाया, लेकिन जांच के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। घटना के समय कोर्ट में नियमित कार्यवाही चल रही थी और जज, वकील तथा पक्षकार मौजूद थे। इसी बीच ई-मेल के जरिए धमकी मिलने की सूचना सामने आई, जिसके बाद तत्काल पुलिस अधिकारियों को जानकारी दी गई। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कोर्ट रूम, गलियारों और आसपास के क्षेत्रों में गहन सर्च ऑपरेशन किया गया। यह पिछले तीन महीनों में तीसरी बार है जब जिला कोर्ट को इस तरह की धमकी मिली है। इससे पहले भी जिला न्यायालय और Bilaspur High Court को बम से उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। हालांकि हर बार जांच में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला, लेकिन लगातार मिल रही धमकियों ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। धमकी के बाद कोर्ट परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। एहतियात के तौर पर प्रवेश द्वारों पर निगरानी बढ़ा दी गई और आने-जाने वाले लोगों की सख्ती से जांच की जा रही है। कोर्ट परिसर की संवेदनशीलता को देखते हुए यह मामला और भी गंभीर हो जाता है, क्योंकि यहां रोजाना हजारों लोग पहुंचते हैं, जिनमें न्यायाधीश, करीब एक हजार वकील और बड़ी संख्या में पक्षकार शामिल होते हैं। लगातार मिल रही इन धमकियों के बावजूद पुलिस अब तक आरोपियों तक नहीं पहुंच सकी है। फिलहाल पुलिस ई-मेल के तकनीकी विश्लेषण और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।

छत्तीसगढ़ के Bilaspur में जिला न्यायालय को एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, GOVERNMENT, State, Top News

बिलासपुर डाकघरों से विदेश पार्सल भेजना हुआ आसान, फ्री पिक-अप और ट्रैकिंग सुविधा शुरू

छत्तीसगढ़ के Bilaspur संभाग में अब डाकघरों के माध्यम से विदेश पार्सल भेजना पहले से अधिक आसान हो गया है। India Post ने अंतर्राष्ट्रीय पार्सल सेवा को और सुविधाजनक बनाते हुए फ्री पिक-अप और ट्रैकिंग जैसी सुविधाएं शुरू की हैं, जिससे आम नागरिकों और व्यापारियों को बड़ी राहत मिलेगी। इस नई व्यवस्था के तहत अब लोग स्थानीय डाकघरों से ही अपने पार्सल और जरूरी दस्तावेज विदेश भेज सकेंगे। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि खर्च भी कम आएगा और प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सरल हो जाएगी। इस सुविधा के लागू होने से लोगों को महंगी निजी कूरियर सेवाओं पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। संभाग के प्रमुख और उप डाकघरों में यह सेवा शुरू कर दी गई है, जिससे दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लोग भी इसका लाभ उठा सकेंगे। डाक विभाग के अधिकारियों के अनुसार, पार्सल बुकिंग के समय ग्राहकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाएंगे ताकि सामग्री सुरक्षित तरीके से गंतव्य तक पहुंच सके। इसके साथ ही हर पार्सल के लिए ट्रैकिंग सुविधा भी उपलब्ध होगी, जिससे ग्राहक ऑनलाइन उसकी स्थिति आसानी से देख सकेंगे। इस सेवा की एक खास बात बड़े और भारी पार्सल के लिए निःशुल्क पिक-अप सुविधा है, जिससे लोगों को डाकघर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी और वे घर बैठे ही पार्सल भेज सकेंगे। पार्सल भेजने के लिए ग्राहकों को प्राप्तकर्ता का पूरा पता, वैध पहचान पत्र, निर्धारित शुल्क और बुकिंग के बाद ट्रैकिंग रसीद जैसी आवश्यक जानकारी देनी होगी।

बिलासपुर डाकघरों से विदेश पार्सल भेजना हुआ आसान, फ्री पिक-अप और ट्रैकिंग सुविधा शुरू Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, GOVERNMENT, State, Top News

शराब के पैसे नहीं देने पर व्यापारी पर हमला, आरोपी गिरफ्तार

छत्तीसगढ़ के Bilaspur में शराब के लिए पैसे नहीं देने पर एक व्यापारी पर जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। घटना गुरुवार रात पुराना बस स्टैंड क्षेत्र में हुई, जहां आरोपी ने धारदार ब्लेड से हमला कर व्यापारी को गंभीर रूप से घायल कर दिया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मिली जानकारी के अनुसार, जैकी छाबड़ा रात करीब 10:30 बजे अपनी दुकान बंद कर घर लौट रहे थे। इसी दौरान शारदा होटल के पास देवरीखुर्द निवासी भुवनेश्वर पटेल ने उनसे शराब के लिए पैसे मांगे। पैसे देने से इनकार करने पर आरोपी भड़क गया। इसके बाद उसने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और अपने पास रखी धारदार वस्तु से हमला कर दिया। इस हमले में व्यापारी के गले, पेट और दोनों हाथों पर गंभीर चोटें आईं, जिससे वह लहूलुहान हो गए। घटना की सूचना मिलते ही Chhattisgarh Police के तारबाहर थाने की टीम ने तत्काल मामला दर्ज किया। थाना प्रभारी रविंद्र अनंत के नेतृत्व में पुलिस ने कुछ ही घंटों में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हमले में इस्तेमाल किया गया हथियार भी बरामद कर लिया है, जो थर्मोकोल काटने वाला प्लास्टिक कवर लगा ब्लेड बताया जा रहा है। आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

शराब के पैसे नहीं देने पर व्यापारी पर हमला, आरोपी गिरफ्तार Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, Crime, Top News

शालीमार-एलटीटी एक्सप्रेस में अस्थायी अतिरिक्त कोच, यात्रियों को मिलेगी राहत

रेलवे प्रशासन ने यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए Shalimar–Lokmanya Tilak Terminus Express में अतिरिक्त कोच जोड़ने का फैसला लिया है। इस कदम का उद्देश्य अधिक से अधिक यात्रियों को कंफर्म बर्थ उपलब्ध कराना है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे से होकर गुजरने वाली इस ट्रेन में एक अतिरिक्त एसी-3 टियर और एक स्लीपर कोच अस्थायी रूप से जोड़े जाएंगे। इससे वेटिंग लिस्ट वाले यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है। जानकारी के मुताबिक, गाड़ी संख्या 18030 (शालीमार से एलटीटी) में यह सुविधा 28, 29, 30, 31 मार्च और 01, 02, 03 अप्रैल 2026 को उपलब्ध रहेगी। वहीं, गाड़ी संख्या 18029 (एलटीटी से शालीमार) में 30, 31 मार्च और 01, 02, 03, 04, 05 अप्रैल 2026 तक अतिरिक्त कोच लगाए जाएंगे। रेलवे के इस निर्णय से इस रूट पर यात्रा करने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी, खासकर त्योहार और छुट्टियों के दौरान बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए यह व्यवस्था काफी उपयोगी साबित होगी।

शालीमार-एलटीटी एक्सप्रेस में अस्थायी अतिरिक्त कोच, यात्रियों को मिलेगी राहत Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, GOVERNMENT, Top News

कोंडागांव में अनोखी शादी: युवक ने एक ही मंडप में दो युवतियों से लिए सात फेरे

छत्तीसगढ़ के Kondagaon जिले से एक अनोखी शादी का मामला सामने आया है, जहां एक युवक ने एक ही मंडप में अपनी दो प्रेमिकाओं के साथ विवाह कर लिया। इस शादी का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है। वीडियो में दूल्हा दोनों दुल्हनों का हाथ थामकर अग्नि के फेरे लेते दिखाई दे रहा है। शादी समारोह के दौरान गांव के लोग और युवक के दोस्त खुशी में झूमते और नाचते नजर आए। यह घटना फरसगांव ब्लॉक के बैलगांव गांव की बताई जा रही है। युवक हितेश यादव, जो पेशे से किसान है, ने शंकरपुर निवासी फूलबती और बनियागांव की रहने वाली यामिनी के साथ विवाह किया। हितेश यादव के अनुसार, उसने सबसे पहले फूलबती को शादी के लिए प्रपोज किया था, लेकिन उसने मना कर दिया। इसके बाद यामिनी ने प्रस्ताव स्वीकार कर लिया। बाद में परिस्थितियां बदलीं और फूलबती भी विवाह के लिए तैयार हो गई। इसके बाद तीनों की सहमति से एक ही मंडप में दोनों के साथ शादी करने का निर्णय लिया गया। शादी की सभी रस्में पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार पूरी की गईं। 23 मार्च 2026 को हल्दी और अन्य प्रारंभिक कार्यक्रम हुए, जबकि 24 मार्च को मुख्य विवाह और आशीर्वाद समारोह आयोजित किया गया। ग्रामीणों के मुताबिक, इस विवाह को लेकर दोनों परिवारों और समाज के बुजुर्गों की सहमति ली गई थी, ताकि भविष्य में किसी प्रकार का विवाद न हो। हालांकि, दोनों दुल्हनों की माताएं इस समारोह में शामिल नहीं हुईं, लेकिन परिवार के अन्य सदस्यों और गांव के लोगों ने इस विवाह का समर्थन किया। इस मामले पर कानूनी पक्ष रखते हुए अधिवक्ता निपेंद्र मिश्रा ने बताया कि Hindu Marriage Act, 1955 के तहत एक व्यक्ति एक ही समय में दो विवाह नहीं कर सकता, जब तक कि पहले विवाह का विधिवत तलाक न हो। हालांकि, कुछ आदिवासी समुदायों में बहुविवाह की परंपरा देखने को मिलती है, जहां सामाजिक सहमति के आधार पर ऐसे विवाह स्वीकार किए जाते हैं।

कोंडागांव में अनोखी शादी: युवक ने एक ही मंडप में दो युवतियों से लिए सात फेरे Read Post »

Chhattisgarh, kondagaon, Top News

बिलासपुर के रिसॉर्ट में हिरण शिकार का खुलासा: पका मांस मिला, मैनेजर सहित 4 गिरफ्तार

बिलासपुर जिले के कोटा क्षेत्र के बेलगहना वन परिक्षेत्र में स्थित एक रिसॉर्ट में वन्यजीव शिकार का गंभीर मामला सामने आया है। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम ने कुरदर स्थित एथनिक रिसॉर्ट में छापेमारी की, जहां किचन में कड़ाही में मांस पकता हुआ मिला। प्रारंभिक जांच में इसे हिरण का मांस बताया जा रहा है। जांच में यह भी सामने आया कि यह रिसॉर्ट पर्यटन मंडल द्वारा संचालित है और यहां काम करने वाले कर्मचारियों के लिए ही मांस तैयार किया जा रहा था। वन विभाग ने मौके से कुक रामकुमार टोप्पो, मैनेजर रजनीश सिंह तथा कर्मचारी रमेश यादव और संजय वर्मा को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत मामला दर्ज किया है। पूछताछ के दौरान सभी आरोपी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालते नजर आए। मैनेजर और कर्मचारियों ने कुक को दोषी बताया, जबकि कुक ने कहा कि उसे गांव के एक व्यक्ति द्वारा मांस दिया गया था और उसे इसकी जानकारी नहीं थी कि यह किस जानवर का है। वन विभाग ने जब्त मांस को जांच के लिए जबलपुर लैब भेजने का निर्णय लिया है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि मांस वास्तव में हिरण का ही है या नहीं। फिलहाल जंगल में शिकार से जुड़े अन्य सबूत नहीं मिले हैं। कोटा-बेलगहना क्षेत्र में पहले भी वन्यजीव शिकार की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, जहां करंट लगाकर जंगली जानवरों का शिकार किए जाने की शिकायतें मिलती रही हैं। इस घटना के बाद एक बार फिर क्षेत्र में अवैध शिकार और निजी रिसॉर्ट्स की गतिविधियों पर सवाल उठने लगे हैं।

बिलासपुर के रिसॉर्ट में हिरण शिकार का खुलासा: पका मांस मिला, मैनेजर सहित 4 गिरफ्तार Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, Crime, Top News

धरसीवां में 31 मार्च से कुंवरगढ़ महोत्सव: मुख्यमंत्री करेंगे 133 करोड़ के विकास कार्यों का शुभारंभ

रायपुर जिले के धरसीवां क्षेत्र में 31 मार्च 2026 को कुंवरगढ़ महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम का शुभारंभ विष्णुदेव साय करेंगे। इस मौके पर क्षेत्र को लगभग 133 करोड़ रुपए के विभिन्न विकास कार्यों की सौगात दी जाएगी। अनुज शर्मा ने बताया कि यह आयोजन क्षेत्र के विकास के साथ-साथ इसकी सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। कुंरा नगर अपनी ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक समृद्धि के लिए जाना जाता है, जहां राजा कुँवर सिंह गोंड की परंपरा आज भी जीवंत है। महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और भूमिपूजन करेंगे, जिनमें नव निर्मित तहसील कार्यालय का उद्घाटन भी शामिल है। इन परियोजनाओं से क्षेत्र में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य बुनियादी सुविधाओं में सुधार होने की उम्मीद है। कार्यक्रम में स्थानीय हस्तशिल्प, पारंपरिक व्यंजन और कुटीर उद्योगों के स्टॉल लगाए जाएंगे, जिससे स्थानीय व्यापारियों और कारीगरों को आर्थिक लाभ मिलेगा। इसके साथ ही लोक कलाकारों के अलावा राष्ट्रीय स्तर के कलाकारों की प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। आयोजन को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा और पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था की है, ताकि बड़ी संख्या में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्रवासियों से इस आयोजन में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है।

धरसीवां में 31 मार्च से कुंवरगढ़ महोत्सव: मुख्यमंत्री करेंगे 133 करोड़ के विकास कार्यों का शुभारंभ Read Post »

Chhattisgarh, Political, State, Top News

रायपुर में अग्निवीर भर्ती शुरू: 1 अप्रैल 2026 तक भरें ऑनलाइन फॉर्म

भारतीय सेना में अग्निवीर भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इच्छुक अभ्यर्थी 13 फरवरी 2026 से आवेदन कर सकते हैं, जबकि आवेदन की अंतिम तिथि 1 अप्रैल 2026 तय की गई है। ऐसे में युवाओं को सलाह दी गई है कि वे अंतिम समय का इंतजार न करते हुए जल्द से जल्द अपना फॉर्म भर लें। इस भर्ती के लिए 17 वर्ष 6 माह से 21 वर्ष तक के युवा पात्र हैं। शैक्षणिक योग्यता के रूप में 8वीं पास से लेकर स्नातक और डिप्लोमा धारक उम्मीदवार भी आवेदन कर सकते हैं, जिससे बड़ी संख्या में युवाओं को सेना में शामिल होने का अवसर मिल रहा है। रायपुर जिले में कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह के निर्देश पर अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए विशेष हेल्प डेस्क बनाए गए हैं। ये हेल्प डेस्क रोजगार कार्यालय, नगरीय निकाय, पॉलिटेक्निक कॉलेज, शासकीय महाविद्यालय, आईटीआई, जनपद पंचायत और नगर पंचायतों में संचालित किए जा रहे हैं, जहां आवेदन से जुड़ी जानकारी और मार्गदर्शन उपलब्ध है। यदि किसी अभ्यर्थी को ऑनलाइन आवेदन में किसी प्रकार की समस्या आती है, तो वह रोजगार कार्यालय रायपुर में स्थापित हेल्प डेस्क से संपर्क कर सकता है। यहां सेना भर्ती से संबंधित सभी आवश्यक जानकारी और तकनीकी सहायता दी जा रही है।

रायपुर में अग्निवीर भर्ती शुरू: 1 अप्रैल 2026 तक भरें ऑनलाइन फॉर्म Read Post »

Chhattisgarh, GOVERNMENT, national, Raipur, State, Top News

छत्तीसगढ़ में IPS प्रमोशन में देरी: 23 साल बाद मिल रहा पद, देश में 19वें स्थान पर राज्य

छत्तीसगढ़ में पुलिस अधिकारियों को भारतीय पुलिस सेवा में प्रमोशन मिलने में काफी देरी हो रही है। स्थिति यह है कि वर्ष 2002 बैच के अधिकारियों को लगभग 23 साल की सेवा के बाद अब जाकर IPS पदोन्नति दी गई है, जिससे राज्य इस मामले में देश में 19वें स्थान पर पहुंच गया है। दूसरी ओर, कर्नाटक, गुजरात, केरल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और सिक्किम जैसे राज्यों में बाद के बैच के अधिकारियों को भी पहले ही IPS प्रमोशन मिल चुका है। इससे साफ है कि अन्य राज्यों में प्रमोशन प्रक्रिया ज्यादा तेज है। इस देरी को लेकर राज्य के पुलिस अधिकारियों में नाराजगी है। उन्होंने सरकार को पत्र लिखकर कैडर रिव्यू कराने और IPS पदों की संख्या बढ़ाने की मांग की है। अधिकारियों का कहना है कि राज्य में कम से कम 60 नए IPS पद बढ़ाए जाने चाहिए ताकि प्रमोशन प्रक्रिया तेज हो सके। राज्य में कई अहम पद अब भी स्वीकृति का इंतजार कर रहे हैं। रायपुर में कमिश्नर और पांच DCP पद मंजूर नहीं हुए हैं। वहीं नए जिले मोहला-मानपुर और सारंगढ़-बिलाईगढ़ में भी IPS स्तर के SP पद स्वीकृत नहीं किए गए हैं। कैडर रिव्यू की प्रक्रिया भी समय पर पूरी नहीं हो पा रही है। नियम के अनुसार हर पांच साल में यह प्रक्रिया होनी चाहिए, लेकिन पिछले 25 साल में केवल चार बार ही कैडर रिव्यू हुआ है। वर्ष 2017 में 22 पदों के लिए प्रस्ताव भेजा गया था, जिसमें से सिर्फ 11 पदों को ही मंजूरी मिली। जहां पुलिस विभाग में प्रमोशन की गति धीमी है, वहीं अन्य सेवाओं में स्थिति बेहतर है। भारतीय प्रशासनिक सेवा में राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों को करीब 13 साल में ही प्रमोशन मिल रहा है। प्रमोशन में देरी के पीछे विभागीय पदोन्नति समिति (DPC) की बैठक का देर से होना, पदों की कमी और कैडर रिव्यू में देरी जैसे कारण सामने आ रहे हैं। अन्य राज्यों में यह प्रक्रिया समय पर पूरी हो जाती है, जबकि छत्तीसगढ़ में यह अक्सर जनवरी-फरवरी तक खिंच जाती है।

छत्तीसगढ़ में IPS प्रमोशन में देरी: 23 साल बाद मिल रहा पद, देश में 19वें स्थान पर राज्य Read Post »

Chhattisgarh, GOVERNMENT, Political, State, Top News

अबूझमाड़ बदल रहा है: जहां कभी था नक्सलियों का खौफ, अब बन रही सड़क और लौट रहे लोग

कभी ‘नो-गो एरिया’, अब खुल रहा रास्ता अबूझमाड़, जो कभी नक्सलियों का गढ़ माना जाता था, अब तेजी से बदल रहा है। नारायणपुर से करीब 50 किमी दूर इस इलाके में अब पहली बार सड़क निर्माण का काम शुरू हुआ है। जहां पहले नक्सलियों के बैरिकेड लगे होते थे और दिन में भी लोगों का आना-जाना मुश्किल था, अब वहां सुरक्षा बलों की मौजूदगी में विकास कार्य जारी हैं। सड़क के साथ बदलती जिंदगी अबूझमाड़ के अंदर क्रूसनार, बासिंघ, सोनपुर, ढोढ़रीबेड़ा, मसपुर और होरादी जैसे गांवों को जोड़ते हुए सड़क बनाई जा रही है। यह सड़क आगे महाराष्ट्र तक कनेक्ट करेगी। रास्ते में कई पुलिस कैंप बनाए गए हैं और सड़क किनारे अस्पताल जैसी बुनियादी सुविधाओं का निर्माण भी शुरू हो चुका है। लोगों की जुबानी पुराने हालात स्थानीय महिला सुकमती मेटामी बताती हैं कि पहले यहां हालात बेहद डरावने थे। अब गांव में अस्पताल बन रहा है और बस सेवा भी शुरू हो चुकी है, जिससे लोगों को राहत मिल रही है। अनाज तक छीन लेते थे नक्सली गांव के निवासी बताते हैं कि नक्सली पहले से सूचना देकर अनाज इकट्ठा करने को कहते थे।चाहे फसल हो या न हो, गांववालों को अपना पेट काटकर भी उन्हें अनाज देना पड़ता था। अगर कोई शहर चला जाता, तो उसे सजा दी जाती थी। कई लोग डर के कारण गांव छोड़कर चले गए थे। आत्मसमर्पण कर बदल रहे हालात गांव में सुरक्षा बलों के साथ मौजूद अनथ कवची जैसे लोग भी हैं, जो पहले नक्सली थे और अब आत्मसमर्पण कर चुके हैं।वे अब सुरक्षा बलों की मदद कर रहे हैं और बचे हुए नक्सलियों के खिलाफ अभियान में शामिल हैं। बस्तर में तेजी से घट रहा नक्सल प्रभाव बस्तर संभाग में नक्सलवाद के खिलाफ अभियान ने बड़ी सफलता हासिल की है। विजय शर्मा के अनुसार: विकास बना सबसे बड़ा हथियार सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और संचार सुविधाओं के विस्तार से स्थानीय लोग अब मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं।लगातार ऑपरेशन, आत्मसमर्पण और विकास कार्यों ने मिलकर हालात बदले हैं। एक तस्वीर, बड़ा संदेश हाल ही में विजय शर्मा की अबूझमाड़ में मॉर्निंग वॉक की तस्वीर सामने आई।यह सिर्फ एक फोटो नहीं, बल्कि यह संकेत है कि जहां कभी गोलियों की आवाज गूंजती थी, वहां अब शांति और सामान्य जीवन लौट रहा है।

अबूझमाड़ बदल रहा है: जहां कभी था नक्सलियों का खौफ, अब बन रही सड़क और लौट रहे लोग Read Post »

Chhattisgarh, GOVERNMENT, Raipur, State, Top News
Scroll to Top