Raipur Temperature

छत्तीसगढ़ में भीषण हीटवेव का कहर, मोर-चमगादड़ों समेत कई वन्यजीवों की मौत

छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और हीटवेव का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। तेज गर्म हवाओं और रिकॉर्ड तापमान के कारण इंसानों के साथ-साथ वन्यजीव भी प्रभावित हो रहे हैं। कई जिलों से मोर, चमगादड़ और अन्य जीवों की मौत की खबरें सामने आई हैं। Chhattisgarh के खैरागढ़ जिले के दल्लीखोली-लछना जंगल में मोर और पाम सिवेट सहित कई वन्यजीव मृत पाए गए। डीएफओ पंकज राजपूत ने आशंका जताई है कि अत्यधिक गर्मी और हीट स्ट्रोक के कारण इन जानवरों की मौत हुई होगी। वहीं कांकेर जिले के सरोना गांव में लू के चलते करीब 500 चमगादड़ों के मरने की जानकारी सामने आई है। इससे पहले कोरबा जिले के पाली क्षेत्र में भी लगभग 200 चमगादड़ मृत मिले थे। लगातार बढ़ते तापमान ने वन क्षेत्रों में भी चिंता बढ़ा दी है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले दो से तीन दिनों तक हीटवेव की स्थिति बनी रह सकती है। राजधानी Raipur में बुधवार को तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जाने की संभावना जताई गई है। दिनभर तेज गर्म हवाएं चल सकती हैं। बीते 24 घंटों में प्रदेश का सबसे अधिक तापमान 45.5 डिग्री सेल्सियस राजनांदगांव में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान अंबिकापुर में 27.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और धूप से बचाव करने की सलाह दी है। खासतौर पर नौतपा के दौरान लू और डीहाइड्रेशन का खतरा अधिक बताया गया है। हालांकि 29 मई से मौसम में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। विभाग के मुताबिक कई इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश, तेज आंधी और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। 40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, लेकिन तापमान में ज्यादा गिरावट की उम्मीद फिलहाल नहीं है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि दक्षिण बिहार से लेकर उत्तर आंध्र प्रदेश तक सक्रिय ट्रफ लाइन और बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण का असर प्रदेश के मौसम पर दिखाई दे रहा है। कृषि विभाग ने किसानों को भी सावधानी बरतने की सलाह दी है। वैज्ञानिकों ने रबी मक्का, केला और पपीता की फसलों में हल्की सिंचाई करने तथा गेहूं और चना की कटाई जल्द पूरी कर उपज को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह जारी की है।

छत्तीसगढ़ में भीषण हीटवेव का कहर, मोर-चमगादड़ों समेत कई वन्यजीवों की मौत Read Post »

, Wildlife, weather

बिलासपुर में 43°C तापमान, स्टेशन पर मिस्टिंग से राहत; रायपुर में 44°C पार होने के आसार

छत्तीसगढ़ में गर्मी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। बिलासपुर में अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है। तेज गर्मी से राहत देने के लिए बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर मिस्टिंग सिस्टम लगाया गया है। प्लेटफॉर्म नंबर 1 पर ठंडे पानी की हल्की फुहारें छोड़ी जा रही हैं, जिससे यात्रियों को कुछ राहत मिल रही है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में तापमान में 1 से 2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट हो सकती है, लेकिन यह राहत ज्यादा समय तक नहीं टिकेगी। इसके बाद प्रदेश में तापमान फिर 2 से 3 डिग्री तक बढ़ने की संभावना है। पिछले 24 घंटों में तापमान में हल्की गिरावट जरूर दर्ज की गई है, लेकिन आने वाले दिनों में गर्मी फिर तेज होने के संकेत हैं। खासकर मध्य छत्तीसगढ़ के इलाकों में अगले चार दिनों तक लू चलने की स्थिति बन सकती है। इसके साथ ही कई स्थानों पर रात के समय भी गर्मी बनी रह सकती है, जिससे लोगों को रात में भी राहत नहीं मिलेगी। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, उत्तर छत्तीसगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय है, जिसका असर दक्षिण भारत तक फैला हुआ है। इस कारण मौसम में बदलाव की स्थिति बनी हुई है, लेकिन फिलहाल बारिश के आसार नहीं हैं। अगले तीन दिनों तक प्रदेश का मौसम शुष्क रहने की संभावना है। इस दौरान अलग-अलग इलाकों में हीट वेव की स्थिति बन सकती है। राजधानी रायपुर में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान करीब 30 डिग्री रहने का अनुमान है। ऐसे में लोगों को आने वाले दिनों में भीषण गर्मी के लिए तैयार रहना होगा।

बिलासपुर में 43°C तापमान, स्टेशन पर मिस्टिंग से राहत; रायपुर में 44°C पार होने के आसार Read Post »

Bilaspur, Chhattisgarh, Raipur, State, Top News, weather
Scroll to Top