Chhattisgarh

केस लड़ते-लड़ते प्यार में पड़ा वकील: महिला को तलाक दिलाने के बाद किया दुष्कर्म, शादी से मुकरा तो पहुंचा जेल

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक वकील पर अपने ही मुवक्किल के साथ दुष्कर्म करने का आरोप लगा है। सरकंडा इलाके की रहने वाली महिला का केस लड़ते-लड़ते वकील ने उससे नजदीकियां बढ़ाईं। पहले उसने महिला को उसके पति से तलाक दिलाया, फिर शादी का वादा करके संबंध बनाए। बाद में जब महिला ने शादी के लिए दबाव बनाया, तो वकील ने इंकार कर दिया और मारपीट भी की। महिला की शिकायत पर आरोपी वकील को गिरफ्तार कर लिया गया है। तलाक केस के दौरान हुआ वकील से प्रेम संबंध पुलिस के अनुसार, 26 वर्षीय पीड़िता का विवाह कुछ साल पहले हुआ था, लेकिन पति के साथ उसका रिश्ता खराब था। आए दिन झगड़ों और मारपीट से परेशान होकर उसने तलाक के लिए न्यायालय में याचिका दाखिल की।वर्ष 2025 में महिला ने अपने केस की पैरवी के लिए सरकंडा क्षेत्र के लतेल बाड़ा निवासी वकील पवन अवस्थी को नियुक्त किया। कोर्ट में केस चलने के दौरान दोनों के बीच लगातार मुलाकातें होती रहीं और इसी दौरान वकील ने महिला से प्रेम का इजहार किया। शादी का झांसा देकर बनाए संबंध महिला के अनुसार, वकील ने बताया कि उसकी भी अपनी पत्नी से नहीं बनती और वह जल्द ही तलाक लेकर उससे शादी करेगा। इस भरोसे पर महिला ने उस पर विश्वास किया, जिसके बाद दोनों के बीच शारीरिक संबंध बने। लेकिन तलाक का मामला खत्म होने के बाद वकील का रवैया बदल गया। शादी के दबाव पर की मारपीट जब महिला ने शादी के लिए जोर दिया, तो वकील ने टालमटोल शुरू कर दी। बाद में उसने साफ तौर पर शादी से इनकार कर दिया। इस दौरान उसने महिला से झगड़ा किया, उसका मोबाइल फोन तोड़ दिया और मारपीट की।इसके बाद परेशान होकर महिला ने 2 नवंबर को सरकंडा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने वकील के खिलाफ दुष्कर्म, मारपीट और धमकी के तहत मामला दर्ज किया और 3 नवंबर को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस जांच जारी फिलहाल सरकंडा पुलिस ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और पूरे मामले की जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही सभी बयान दर्ज कर केस को कोर्ट में प्रस्तुत किया जाएगा।

केस लड़ते-लड़ते प्यार में पड़ा वकील: महिला को तलाक दिलाने के बाद किया दुष्कर्म, शादी से मुकरा तो पहुंचा जेल Read Post »

Bilashpur, Chhattisgarh, Crime

रायपुर में नाबालिग की हत्या से मचा बवाल: जुआ खेलने से इंकार पर चाकू से हमला, कॉलोनी में तनाव

रायपुर के कचना इलाके की बीएसयूपी कॉलोनी रविवार शाम उस वक्त दहशत में आ गई जब 15 साल के नाबालिग की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव फैल गया। भीड़ ने आरोपी के घर को घेर लिया और आगजनी की कोशिश की। पुलिस ने हालात संभालने के लिए इलाके में भारी बल तैनात किया है। जुआ खेलने से मना किया, तो कर दी हत्या जानकारी के अनुसार, रविवार शाम करीब 7 बजे विवेक तांड़ी (16) अपने बड़े भाई सुमीत तांड़ी (22) के साथ बाजार जा रहा था। रास्ते में कॉलोनी निवासी कृष्ण देवार नगराहा उर्फ तोडू (22) मिला और विवेक से जुआ खेलने की जिद करने लगा। विवेक के मना करने पर कृष्ण भड़क गया और चाकू निकालकर विवेक पर ताबड़तोड़ वार कर दिए।बीच-बचाव करने पहुंचे सुमीत पर भी हमला किया गया, जिससे उसके हाथ में चोट आई। दोनों भाइयों को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान विवेक की मौत हो गई। आरोपी पहले भी खेल चुका था जुआ, हार से था नाराज पुलिस जांच में पता चला कि कॉलोनी में पिछले कई दिनों से त्योहारों के दौरान जुआ खेला जा रहा था। शनिवार की रात हुए खेल में विवेक और सुमीत ने पैसा जीता था, जबकि कृष्ण हार गया था। इसी रंजिश में उसने अगली शाम विवेक पर हमला कर दिया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, लेकिन बाद में पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। हत्या के बाद कॉलोनी में भड़का गुस्सा विवेक की मौत की खबर फैलते ही कॉलोनी के लोगों में गुस्सा भड़क उठा। भीड़ ने आरोपी के घर को घेर लिया और बाहर रखे सामान में आग लगा दी। मौके पर पहुंची पुलिस को भीड़ ने घेर लिया और आरोपी को सौंपने की मांग की। सोमवार रात तक इलाके में तनाव बना रहा, जिसके बाद अतिरिक्त पुलिस बल को तैनात किया गया। राजधानी में बढ़ रहे हैं हत्या के मामले रायपुर में बीते एक महीने में कई हत्या की घटनाएं सामने आई हैं — लगातार बढ़ती वारदातों से राजधानी की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

रायपुर में नाबालिग की हत्या से मचा बवाल: जुआ खेलने से इंकार पर चाकू से हमला, कॉलोनी में तनाव Read Post »

Chhattisgarh, Crime, Raipur

नक्सलियों पर अंतिम वार की तैयारी: बस्तर के 50 गांवों में चलेगा स्पेशल ऑपरेशन, जवानों की छुट्टियां रद्द

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित इलाकों में अब सुरक्षाबलों ने निर्णायक अभियान की तैयारी शुरू कर दी है। सुकमा, बीजापुर, कांकेर और नारायणपुर जिलों के कई इलाकों में नक्सली गतिविधियों को खत्म करने के लिए फोर्स अब पूरे संगठन के सफाए के मिशन पर काम कर रही है। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के मिशन 2026 के तहत नक्सलवाद के पूर्ण उन्मूलन की तय समयसीमा में अब सिर्फ पांच महीने बचे हैं। ऐसे में सुरक्षा एजेंसियां बस्तर के 50 चुनिंदा गांवों को फोकस एरिया बनाकर बड़े पैमाने पर ऑपरेशन शुरू करने जा रही हैं। बीजापुर से होगी शुरुआत, 10 टीमें मैदान में उतरेंगी सूत्रों के अनुसार, इस निर्णायक ऑपरेशन की शुरुआत बीजापुर जिले से होगी। इसके लिए डीआरजी (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व ग्रुप) के जवानों की 10 से अधिक टीमें तैयार की गई हैं, जिनमें नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बस्तर और सुकमा के जवान शामिल हैं।इन टीमों की छुट्टियां तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई हैं और उन्हें अगले आदेश तक फील्ड ड्यूटी पर बने रहने के निर्देश दिए गए हैं। अबूझमाड़ जैसे बड़े ऑपरेशन की फिर तैयारी हाल के महीनों में फोर्स ने अबूझमाड़ और कर्रेगुट्टा में सफल अभियानों को अंजाम दिया था। अबूझमाड़ में नक्सली संगठन के महासचिव बसवा राजू के एनकाउंटर के बाद यह अभियान सबसे बड़ी सफलता माना गया था।वहीं कर्रेगुट्टा में कुख्यात नक्सली हिड़मा को पकड़ने की कोशिश के दौरान उसके 31 साथियों को ढेर किया गया था। अब फोर्स उसी स्तर का एक और व्यापक अभियान लॉन्च करने की तैयारी में है। केंद्र और राज्य दोनों स्तर पर निगरानी जानकारी के मुताबिक, इस ऑपरेशन की जानकारी केंद्रीय गृह मंत्रालय के साथ साझा की गई है और दोनों स्तरों से इसकी बारीकी से निगरानी की जा रही है। हालांकि, फिलहाल अधिकारियों ने आधिकारिक तौर पर किसी नए ऑपरेशन की पुष्टि नहीं की है।

नक्सलियों पर अंतिम वार की तैयारी: बस्तर के 50 गांवों में चलेगा स्पेशल ऑपरेशन, जवानों की छुट्टियां रद्द Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, State

बिना सर्टिफिकेट चल रहीं लाखों गाड़ियां: रायपुर में 30% वाहनों के पास नहीं है पीयूसी कार्ड, जांच व्यवस्था ठप

रायपुर में हर साल वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, लेकिन प्रदूषण जांच प्रणाली उसी अनुपात में कमजोर पड़ती जा रही है। राजधानी में फिलहाल 20 लाख से अधिक वाहन रजिस्टर्ड हैं, जिनमें से लगभग 30% के पास प्रदूषण नियंत्रण (PUC) सर्टिफिकेट नहीं है। नियमों के मुताबिक हर वाहन को एक साल में कम से कम एक बार प्रदूषण जांच कराना जरूरी है, लेकिन आरटीओ और ट्रैफिक विभाग की ओर से अब जांच अभियान लगभग बंद हो गया है। इस कारण वाहन मालिक भी लापरवाह हो गए हैं। पिछले दो साल में रायपुर में केवल ढाई लाख वाहनों ने ही पीयूसी सर्टिफिकेट बनवाया है, जिसमें अधिकतर संख्या चार पहिया वाहनों की है। भारी वाहनों में सख्ती, दोपहिया सबसे पीछे राज्य के बाहर जाने वाले मालवाहक वाहन पीयूसी कार्ड इसलिए बनवा रहे हैं क्योंकि बॉर्डर पर इसकी जांच होती है और सर्टिफिकेट नहीं होने पर भारी जुर्माना लगता है। वहीं, शहर में चलने वाले दोपहिया वाहन मालिक इस नियम को नजरअंदाज कर रहे हैं। जुर्माना 1 हजार से 10 हजार तक मोटर व्हीकल एक्ट के अनुसार, पीयूसी कार्ड नहीं होने पर वाहन मालिकों पर 1,000 से लेकर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। गंभीर मामलों में लाइसेंस निलंबन और कानूनी कार्रवाई का भी प्रावधान है। रिपोर्ट में बड़ा खुलासा: आधुनिक वाहनों से भी प्रदूषण जारी अंतरराष्ट्रीय स्वच्छ परिवहन परिषद (ICCT) की रिपोर्ट के अनुसार, नए इंजन वाले वाहनों से भी ग्रीन हाउस गैसों में खास कमी नहीं आई है। डीजल इंजन कार्बन और सल्फर उत्सर्जन को बढ़ा रहे हैं। पीयूसी जांच भी सूक्ष्म कण (PM 2.5) और गैसीय उत्सर्जन का पूरा आकलन नहीं कर पाती। 15 साल पुरानी गाड़ियां भी ले रहीं परमिट रायपुर में करीब तीन लाख वाहन 15 साल से अधिक पुराने हैं, जिनमें से अधिकांश के पास पीयूसी कार्ड नहीं है। हैरानी की बात यह है कि ऐसी गाड़ियों को भी परमिट जारी किए जा रहे हैं। अधिकांश पेट्रोल पंपों ने अब तक प्रदूषण जांच केंद्र नहीं खोले हैं, जबकि नियमों के अनुसार उन्हें ऐसा करना अनिवार्य है। दिल्ली और राजस्थान जैसे राज्यों में 15 साल पुराने वाहनों पर सख्ती है और उन्हें ईंधन देने पर रोक है, लेकिन छत्तीसगढ़ में इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। यही कारण है कि प्रदूषण जांच व्यवस्था यहां केवल कागजों तक सीमित रह गई है।

बिना सर्टिफिकेट चल रहीं लाखों गाड़ियां: रायपुर में 30% वाहनों के पास नहीं है पीयूसी कार्ड, जांच व्यवस्था ठप Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, State

SIR को लेकर BJP की रणनीतिक बैठक आज: शिव प्रकाश रायपुर में लेंगे बैठक, CM, मंत्री, सांसद और विधायक रहेंगे मौजूद

रायपुर। छत्तीसगढ़ में मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया की शुरुआत के अगले ही दिन बीजेपी ने इस पर रणनीति बनाने के लिए अहम बैठक बुलाई है। बैठक बुधवार को रायपुर स्थित कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में आयोजित होगी। इसमें पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री और प्रदेश प्रभारी शिव प्रकाश शामिल होंगे। बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, राज्य सरकार के सभी मंत्री, सांसद, विधायक, जिलाध्यक्ष और वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। पार्टी का मुख्य उद्देश्य SIR प्रक्रिया की जानकारी कार्यकर्ताओं तक पहुंचाना और मतदाता सत्यापन अभियान में जनता की सहायता के लिए कार्यकर्ताओं को तैयार करना है। कांग्रेस भ्रम फैला रही, BJP करेगी जवाबी जनजागरण भाजपा के प्रदेश महामंत्री नवीन मार्कंडेय ने बताया कि कांग्रेस, SIR प्रक्रिया को लेकर जनता में गलतफहमियां फैला रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा जनता को सही जानकारी देगी और कांग्रेस के दुष्प्रचार का जवाब देगी।मार्कंडेय के अनुसार, “देश के 12 राज्यों में चुनाव आयोग ने SIR प्रक्रिया लागू की है, और भाजपा इस पूरे अभियान में जनता की मदद के लिए सक्रिय भूमिका निभाएगी।” शिव प्रकाश देंगे दिशा-निर्देश पार्टी सूत्रों के मुताबिक, बैठक में शिव प्रकाश विस्तार से बताएंगे कि SIR सर्वे के दौरान कार्यकर्ताओं को मतदाताओं के नाम जोड़ने, त्रुटियां सुधारने और डुप्लीकेट नाम हटाने में कैसे सहयोग करना है।इसके अलावा, पार्टी जल्द ही एक राज्यव्यापी जनजागरण अभियान शुरू करेगी ताकि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में जोड़ा जा सके। नेताओं को सौंपी जाएगी जिम्मेदारी बीजेपी SIR के प्रति जन-जागरूकता फैलाने की जिम्मेदारी अपने मंत्री, सांसद और विधायकों को देगी। पार्टी नेताओं को जनता के बीच जाकर SIR प्रक्रिया के फायदे और उद्देश्य समझाने का निर्देश दिया जाएगा।शिव प्रकाश बुधवार सुबह दिल्ली से रायपुर पहुंचेंगे और दोपहर में प्रदेश पदाधिकारियों के साथ बैठक कर आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय करेंगे।

SIR को लेकर BJP की रणनीतिक बैठक आज: शिव प्रकाश रायपुर में लेंगे बैठक, CM, मंत्री, सांसद और विधायक रहेंगे मौजूद Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, Top News

उपभोक्ता आयोग के लेखा अधिकारी पर लाखों के गबन का आरोप: 9 साल बाद खुलासा, अधीक्षक की शिकायत पर FIR दर्ज

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता आयोग कार्यालय में पदस्थ एक पूर्व लेखा अधिकारी पर सरकारी धन के गबन का मामला सामने आया है। आरोपी अधिकारी ने वर्ष 2017 में विभागीय राशि में हेराफेरी करते हुए लगभग 3 लाख 98 हजार 553 रुपए का गबन किया था। करीब 9 साल बाद इस वित्तीय अनियमितता का खुलासा हुआ, जिसके बाद अब देवेंद्र नगर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। 2017 में किया गया था गबन पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी का नाम विनोद साहू है, जो उस समय राज्य उपभोक्ता आयोग में लेखा प्रभारी के पद पर पदस्थ था।जांच में यह सामने आया कि उसने 7 सितंबर 2017 को विभागीय खातों से रकम निकालकर अपने निजी बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी थी। इस लेन-देन को उसने विभागीय भुगतान के रूप में दर्ज किया था ताकि गड़बड़ी का पता न चले। अधीक्षक की शिकायत पर मामला दर्ज उपभोक्ता आयोग के अधीक्षक जे.आर. निराला ने इस पूरे मामले की शिकायत देवेंद्र नगर थाने में दर्ज कराई। अधीक्षक ने बताया कि जब विभागीय खातों की जांच कराई गई, तब ट्रांजेक्शन में गड़बड़ी पाई गई। इसके बाद एक आंतरिक जांच समिति का गठन किया गया, जिसने सभी तथ्यों की पुष्टि की। जांच समिति ने पाई गड़बड़ी सही समिति की रिपोर्ट में पाया गया कि आरोपी ने कई किश्तों में सरकारी राशि को अपने व्यक्तिगत खाते में ट्रांसफर किया है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर अधीक्षक ने आरोपी के खिलाफ अमानत में ख्यानत और धोखाधड़ी (धारा 406, 420 IPC) के तहत कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने अधीक्षक की शिकायत पर FIR दर्ज कर ली है और आगे की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल आरोपी की भूमिका और अन्य संबंधित वित्तीय लेन-देन की जांच की जा रही है।

उपभोक्ता आयोग के लेखा अधिकारी पर लाखों के गबन का आरोप: 9 साल बाद खुलासा, अधीक्षक की शिकायत पर FIR दर्ज Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, State

छत्तीसगढ़ में आज से वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन की शुरुआत: 27 हजार BLO घर-घर करेंगे सर्वे, 95% मतदाताओं को नहीं दिखाने पड़ेंगे दस्तावेज

त्तीसगढ़ में मंगलवार से वोटर लिस्ट सत्यापन अभियान (Special Intensive Revision – SIR) की शुरुआत हो गई है। बिहार मॉडल पर चलने वाली इस प्रक्रिया के तहत प्रदेश में मतदाता सूची को अपडेट किया जाएगा। इसमें नए वोटरों के नाम जोड़े जाएंगे और गलत या निष्क्रिय नाम हटाए जाएंगे। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) यशवंत कुमार ने बताया कि सत्यापन अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चलेगा। इस दौरान प्रदेश के 27,199 बूथ स्तर अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं की जानकारी की जांच करेंगे। सिर्फ 5% लोगों को ही दिखाने होंगे दस्तावेज सीईओ के अनुसार, लगभग 94-95% मतदाताओं का डेटा पहले से मौजूद है, इसलिए केवल 5-6% लोगों को ही पहचान संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत करने की आवश्यकता होगी। जिन मतदाताओं का नाम 2003 के SIR में था, उन्हें दोबारा दस्तावेज देने की जरूरत नहीं है। अगर किसी मतदाता को सत्यापन में कोई दिक्कत आती है तो वह हेल्पलाइन नंबर 1950 पर कॉल कर सहायता प्राप्त कर सकता है। BLO तीन बार जाएंगे घर हर BLO अपने क्षेत्र में प्रत्येक परिवार से संपर्क करेगा और आवश्यकता होने पर तीन बार तक घर जाएगा। वे प्रत्येक परिवार से गणना प्रपत्र फॉर्म भरवाएंगे, जिसमें मतदाता की व्यक्तिगत जानकारी और पात्रता की पुष्टि होगी। 9 दिसंबर को मसौदा सूची जारी होगी सत्यापन कार्य पूरा होने के बाद 9 दिसंबर 2025 को मसौदा मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।इसके बाद 8 जनवरी 2026 तक लोग अपने नाम में सुधार या किसी त्रुटि पर आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।अंतिम मतदाता सूची 7 फरवरी 2026 को जारी होगी, जो आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों के लिए आधार बनेगी। 71% वोटरों का मिलान पूरा अब तक राज्य के 71% मतदाताओं का डेटा सत्यापित किया जा चुका है। सीईओ ने बताया कि एन्यूमरेशन फेज पूरा होते-होते यह आंकड़ा 94 से 95% तक पहुंचने की उम्मीद है।उन्होंने यह भी बताया कि 2003 के बाद कई मतदाता अपने निवास स्थान बदल चुके हैं, विशेषकर विवाहित महिलाएं, जिनका अब नए केंद्रों से डेटा मिलान किया जा रहा है। मतदाताओं की संख्या 2.11 करोड़ 1 जनवरी 2025 तक छत्तीसगढ़ में कुल 2 करोड़ 11 लाख 5 हजार 391 मतदाता हैं। इनमें राज्य में लिंगानुपात 1024 है, जो राष्ट्रीय औसत से अधिक है। SIR सत्यापन के लिए मान्य दस्तावेज मतदाता सत्यापन के दौरान नीचे दिए गए दस्तावेजों में से कोई भी मान्य होगा – राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील सीईओ यशवंत कुमार ने राजनीतिक दलों से अपील की है कि वे अपने बूथ स्तरीय एजेंट (BLA) के माध्यम से आयोग की टीम को सहयोग करें ताकि पात्र नागरिकों के नाम जोड़े जा सकें और मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए जा सकें।

छत्तीसगढ़ में आज से वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन की शुरुआत: 27 हजार BLO घर-घर करेंगे सर्वे, 95% मतदाताओं को नहीं दिखाने पड़ेंगे दस्तावेज Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, Top News

हाईकोर्ट ने रोहित और वीरेंद्र तोमर की अग्रिम जमानत खारिज की: पत्नियों और भतीजे को मिली राहत, पुलिस पर आर्गेनाइज क्राइम में परिवार को फंसाने का आरोप

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा की बेंच ने रायपुर में सूदखोरी और ब्लैकमेलिंग के आरोपों से जुड़े मामले में हिस्ट्रीशीटर रोहित तोमर और वीरेंद्र तोमर की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। वहीं, कोर्ट ने उनकी पत्नियों और भतीजे को अग्रिम जमानत प्रदान की है। सरकारी पक्ष ने कोर्ट में दलील दी कि दोनों भाइयों का आपराधिक इतिहास लंबा है और उन पर करीब 16 मामले दर्ज हैं। पुलिस छापेमारी के दौरान उनके ठिकाने से ब्लैंक चेकबुक, हथियार और कारतूस बरामद किए गए। साथ ही, वे बिना लाइसेंस सूदखोरी का कारोबार करते पाए गए थे। सरकारी तर्कों पर सहमति जताते हुए कोर्ट ने कहा कि अपराध की गंभीरता को देखते हुए अग्रिम जमानत नहीं दी जा सकती। पत्नियों और भतीजे को कोर्ट से राहत हाईकोर्ट ने तोमर बंधुओं की पत्नियों और भतीजे को अग्रिम जमानत मंजूर की है। उन्होंने अपनी याचिका में कहा था कि पुलिस साधारण मारपीट के केस को आर्गेनाइज क्राइम में बदलकर पूरे परिवार को फंसा रही है। पूर्व महाधिवक्ता सतीश चंद वर्मा की ओर से दायर याचिका में कहा गया कि पुलिस ने पुराने ऋण मामलों में जबरन परिवार को शामिल कर फर्जी केस बनाए हैं। अदालत ने इस पर विचार करते हुए कहा कि पत्नी और अन्य परिवारजन के खिलाफ गंभीर आपराधिक साक्ष्य नहीं हैं, इसलिए उन्हें अग्रिम जमानत दी जाती है। रायपुर में चल रहा सूदखोरी और ब्लैकमेलिंग का मामला रायपुर के तेलीबांधा और पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र में रोहित तोमर और वीरेंद्र तोमर पर सूदखोरी और धमकी के कई मामले दर्ज हैं। पुलिस की कार्रवाई में उनके घर से कैश, चेक और जमीन के दस्तावेज भी जब्त किए गए। जांच के बाद पुलिस ने कहा कि मामला आर्गेनाइज क्राइम से जुड़ा है। दोनों भाइयों पर 7 अलग-अलग FIR दर्ज की गई हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए रायपुर पुलिस ने इनाम की घोषणा की है। हिस्ट्रीशीटर तोमर बंधु अब भी फरार पुलिस के अनुसार, रोहित तोमर ने अपनी पत्नी भावना के नाम पर ऑफिस खोलकर सूदखोरी का धंधा चलाया। प्रॉपर्टी डीलर दशमीत चावला से मारपीट के बाद जब उसके खिलाफ FIR दर्ज हुई, तब से दोनों भाई फरार हैं। पुलिस की कई टीमें छत्तीसगढ़ के बाहर भी छापेमारी कर चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। अपराध रिकॉर्ड लंबा, ‘गोल्डन मैन’ नाम से मशहूर पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, रोहित तोमर को रायपुर का निगरानी गुंडा बदमाश घोषित किया गया है। उसके खिलाफ तेलीबांधा, पुरानी बस्ती, राजेंद्र नगर, कोतवाली और गुढ़ियारी थानों में 9 से अधिक केस दर्ज हैं। वह इलाके में ‘गोल्डन मैन’ के नाम से जाना जाता था और सामाजिक रसूख बनाए रखने के लिए समय-समय पर कार्यक्रमों में हिस्सा लेता था। पीड़ितों में अब जागा आत्मविश्वास पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद कई पुराने पीड़ित सामने आए हैं। पहले आरोपी भाइयों के खौफ के कारण लोग शिकायत दर्ज नहीं करा पा रहे थे, लेकिन अब पुलिस की पहल से पीड़ित थानों तक पहुंच रहे हैं।

हाईकोर्ट ने रोहित और वीरेंद्र तोमर की अग्रिम जमानत खारिज की: पत्नियों और भतीजे को मिली राहत, पुलिस पर आर्गेनाइज क्राइम में परिवार को फंसाने का आरोप Read Post »

Chhattisgarh, State, Top News

राज्योत्सव के बाद सीएम विष्णुदेव साय का दौरा कार्यक्रम: ओडिशा में चुनावी सभा और गुजरात में निवेशक सम्मेलन में होंगे शामिल

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय राज्योत्सव के बाद अब राजनीतिक और औद्योगिक गतिविधियों में सक्रिय नज़र आएंगे। वे 6 नवंबर को ओडिशा के नुआपाड़ा विधानसभा उपचुनाव में भाजपा उम्मीदवार के समर्थन में जनसभा करेंगे। मुख्यमंत्री रायपुर से हेलिकॉप्टर के जरिए नुआपाड़ा पहुंचेंगे और सभा के बाद वापस रायपुर लौट आएंगे। नुआपाड़ा सीट पर 11 नवंबर को मतदान होना है। इस सीट पर भाजपा ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। पार्टी इस चुनाव को प्रतिष्ठा से जोड़कर देख रही है और मुख्यमंत्री साय की सभा को रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जय ढोलकिया भाजपा के उम्मीदवार नुआपाड़ा उपचुनाव में भाजपा से जय ढोलकिया चुनावी मैदान में हैं, जबकि बीजेडी से स्नेहंगिनी चुरिया और कांग्रेस से घसियाराम माझी प्रत्याशी हैं। इनके अलावा समाजवादी पार्टी के रमाकांत हाटी, बहुजन मुक्ति पार्टी के हेमंत तांडी और ओडिशा जनता दल के शुकाधर डड़सेना भी मुकाबले में हैं। भाजपा का मानना है कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सभा से स्थानीय कार्यकर्ताओं में जोश बढ़ेगा और मतदाताओं में पार्टी के प्रति विश्वास मजबूत होगा। गुजरात में निवेशक सम्मेलन में भाग लेंगे सीएम चुनावी कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री साय 10 और 11 नवंबर को गुजरात के दौरे पर रहेंगे। वे “छत्तीसगढ़ इनवेस्टर कनेक्ट” कार्यक्रम में शामिल होंगे, जो अहमदाबाद में आयोजित किया जाएगा। मुख्यमंत्री इस दौरान प्रमुख उद्योगपतियों से वन-टू-वन मुलाकात करेंगे और छत्तीसगढ़ में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा करेंगे। कार्यक्रम की शुरुआत नर्मदा जिले के स्टैच्यू ऑफ यूनिटी में आयोजित एक विशेष आयोजन से होगी। इसके बाद अगले दिन अहमदाबाद में निवेशकों के साथ संवाद सत्र रखा गया है। उद्योग जगत को बताएंगे छत्तीसगढ़ की औद्योगिक नीतियां मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय इस कार्यक्रम में राज्य की नई औद्योगिक नीति, निवेशकों को दी जा रही सुविधाएं और उद्योगों के लिए उपलब्ध संसाधन साझा करेंगे। उनका लक्ष्य है कि अधिक से अधिक उद्योगपति छत्तीसगढ़ में निवेश करें, जिससे राज्य में रोजगार और आर्थिक विकास को गति मिले। यह आयोजन पहले जुलाई-अगस्त में होना था, लेकिन तकनीकी कारणों से स्थगित कर दिया गया था। अब इसे नवंबर में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें कई बड़े निवेशकों के शामिल होने की संभावना है।

राज्योत्सव के बाद सीएम विष्णुदेव साय का दौरा कार्यक्रम: ओडिशा में चुनावी सभा और गुजरात में निवेशक सम्मेलन में होंगे शामिल Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, State

रायपुर में कल होगा शानदार एयर शो: 9 फाइटर जेट्स भरेंगे उड़ान, ‘हार्ट इन द स्काई’ और ‘बॉम्ब बर्स्ट’ जैसे फॉर्मेशन दिखाएंगे करतब

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के अवसर पर रायपुर के आसमान में कल यानी 5 नवंबर को रोमांचक दृश्य देखने को मिलेंगे। भारतीय वायुसेना की सूर्यकिरण एयरोबेटिक टीम (Suryakiran Aerobatic Team – SKAT) अपने शानदार करतबों से लोगों का दिल जीतने को तैयार है। नवा रायपुर के सेंध तालाब के ऊपर यह एयर शो आयोजित होगा, जहां 9 हॉक एमके-132 फाइटर जेट्स एक साथ आसमान में उड़ान भरेंगे और “हार्ट इन द स्काई”, “बॉम्ब बर्स्ट” और “एरोहेड” जैसे अद्भुत फॉर्मेशन पेश करेंगे। छत्तीसगढ़ के गौरव भी होंगे हिस्सा इस एयर शो में छत्तीसगढ़ के बेटे स्क्वॉड्रन लीडर गौरव पटेल, जो महासमुंद जिले के रहने वाले हैं, सूर्यकिरण टीम का हिस्सा होंगे। गौरव ने बताया कि यह उनके लिए बेहद गर्व का पल है क्योंकि वे अपने ही राज्य की धरती पर उड़ान भरने जा रहे हैं। उन्होंने कहा, “जब 9 विमान आसमान में तिरंगा बनाते हैं, तब हर भारतीय के मन में देशभक्ति की भावना स्वतः जाग उठती है।” ग्रुप कैप्टन अजय दशरथी के हाथों में शो की कमान सूर्यकिरण टीम का नेतृत्व ग्रुप कैप्टन अजय दशरथी करेंगे। उन्होंने कहा कि टीम को लीड करने के लिए अत्यधिक अनुशासन, मेहनत और आपसी विश्वास की आवश्यकता होती है। अजय पिछले एक साल से टीम का नेतृत्व कर रहे हैं और अब तक 50 से अधिक एयर शो कर चुके हैं। फ्लाइट लेफ्टिनेंट कंवल संधू होंगी ‘वॉयस ऑफ द स्काई’ एयर शो के दौरान फ्लाइट लेफ्टिनेंट कंवल संधू कमेंट्री की जिम्मेदारी निभाएंगी। उन्होंने कहा कि वे चाहती हैं कि छत्तीसगढ़ की बेटियां समझें कि “महिला होना कमजोरी नहीं, बल्कि ताकत है।” कंवल की भूमिका दर्शकों और आसमान में उड़ते विमानों के बीच एक सेतु की तरह होगी। हॉक एमके-132 से होगा रोमांचक प्रदर्शन भारतीय वायुसेना इस एयर शो में हॉक एमके-132 जेट्स का उपयोग करेगी। ये एडवांस्ड ट्रेनर एयरक्राफ्ट हैं, जिनका इस्तेमाल पायलटों के प्रशिक्षण और सीमित युद्ध संचालन में किया जाता है। लगभग 15 साल बाद छत्तीसगढ़ में इतना बड़ा एयर शो आयोजित हो रहा है, और यह पहली बार होगा जब सूर्यकिरण टीम हॉक एमके-132 से करतब दिखाएगी। आम जनता के लिए फ्री एंट्री और बस सेवा यह एयर शो सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक चलेगा। दर्शकों के लिए प्रवेश पूरी तरह निःशुल्क रहेगा। साथ ही, आम लोगों की सुविधा के लिए रायपुर शहर से नवा रायपुर तक फ्री बस सेवा भी उपलब्ध कराई गई है। बसें रायपुर रेलवे स्टेशन, भाठागांव, तेलीबांधा, पचपेड़ी नाका, साइंस कॉलेज और कालीबाड़ी चौक से सुबह 7 बजे से दोपहर 1 बजे तक तथा शाम 4 बजे से रात 10 बजे तक चलेंगी। भारतीय वायुसेना का उद्देश्य केवल प्रदर्शन नहीं, बल्कि युवाओं को अनुशासन, देशभक्ति और समर्पण के साथ देश सेवा के लिए प्रेरित करना है।

रायपुर में कल होगा शानदार एयर शो: 9 फाइटर जेट्स भरेंगे उड़ान, ‘हार्ट इन द स्काई’ और ‘बॉम्ब बर्स्ट’ जैसे फॉर्मेशन दिखाएंगे करतब Read Post »

Chhattisgarh, Raipur, State
Scroll to Top