November 2025

SIR को लेकर BJP की रणनीतिक बैठक आज: शिव प्रकाश रायपुर में लेंगे बैठक, CM, मंत्री, सांसद और विधायक रहेंगे मौजूद

रायपुर। छत्तीसगढ़ में मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया की शुरुआत के अगले ही दिन बीजेपी ने इस पर रणनीति बनाने के लिए अहम बैठक बुलाई है। बैठक बुधवार को रायपुर स्थित कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में आयोजित होगी। इसमें पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री और प्रदेश प्रभारी शिव प्रकाश शामिल होंगे। बैठक में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, राज्य सरकार के सभी मंत्री, सांसद, विधायक, जिलाध्यक्ष और वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। पार्टी का मुख्य उद्देश्य SIR प्रक्रिया की जानकारी कार्यकर्ताओं तक पहुंचाना और मतदाता सत्यापन अभियान में जनता की सहायता के लिए कार्यकर्ताओं को तैयार करना है। कांग्रेस भ्रम फैला रही, BJP करेगी जवाबी जनजागरण भाजपा के प्रदेश महामंत्री नवीन मार्कंडेय ने बताया कि कांग्रेस, SIR प्रक्रिया को लेकर जनता में गलतफहमियां फैला रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा जनता को सही जानकारी देगी और कांग्रेस के दुष्प्रचार का जवाब देगी।मार्कंडेय के अनुसार, “देश के 12 राज्यों में चुनाव आयोग ने SIR प्रक्रिया लागू की है, और भाजपा इस पूरे अभियान में जनता की मदद के लिए सक्रिय भूमिका निभाएगी।” शिव प्रकाश देंगे दिशा-निर्देश पार्टी सूत्रों के मुताबिक, बैठक में शिव प्रकाश विस्तार से बताएंगे कि SIR सर्वे के दौरान कार्यकर्ताओं को मतदाताओं के नाम जोड़ने, त्रुटियां सुधारने और डुप्लीकेट नाम हटाने में कैसे सहयोग करना है।इसके अलावा, पार्टी जल्द ही एक राज्यव्यापी जनजागरण अभियान शुरू करेगी ताकि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में जोड़ा जा सके। नेताओं को सौंपी जाएगी जिम्मेदारी बीजेपी SIR के प्रति जन-जागरूकता फैलाने की जिम्मेदारी अपने मंत्री, सांसद और विधायकों को देगी। पार्टी नेताओं को जनता के बीच जाकर SIR प्रक्रिया के फायदे और उद्देश्य समझाने का निर्देश दिया जाएगा।शिव प्रकाश बुधवार सुबह दिल्ली से रायपुर पहुंचेंगे और दोपहर में प्रदेश पदाधिकारियों के साथ बैठक कर आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय करेंगे।

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उपभोक्ता आयोग के लेखा अधिकारी पर लाखों के गबन का आरोप: 9 साल बाद खुलासा, अधीक्षक की शिकायत पर FIR दर्ज

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता आयोग कार्यालय में पदस्थ एक पूर्व लेखा अधिकारी पर सरकारी धन के गबन का मामला सामने आया है। आरोपी अधिकारी ने वर्ष 2017 में विभागीय राशि में हेराफेरी करते हुए लगभग 3 लाख 98 हजार 553 रुपए का गबन किया था। करीब 9 साल बाद इस वित्तीय अनियमितता का खुलासा हुआ, जिसके बाद अब देवेंद्र नगर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। 2017 में किया गया था गबन पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी का नाम विनोद साहू है, जो उस समय राज्य उपभोक्ता आयोग में लेखा प्रभारी के पद पर पदस्थ था।जांच में यह सामने आया कि उसने 7 सितंबर 2017 को विभागीय खातों से रकम निकालकर अपने निजी बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी थी। इस लेन-देन को उसने विभागीय भुगतान के रूप में दर्ज किया था ताकि गड़बड़ी का पता न चले। अधीक्षक की शिकायत पर मामला दर्ज उपभोक्ता आयोग के अधीक्षक जे.आर. निराला ने इस पूरे मामले की शिकायत देवेंद्र नगर थाने में दर्ज कराई। अधीक्षक ने बताया कि जब विभागीय खातों की जांच कराई गई, तब ट्रांजेक्शन में गड़बड़ी पाई गई। इसके बाद एक आंतरिक जांच समिति का गठन किया गया, जिसने सभी तथ्यों की पुष्टि की। जांच समिति ने पाई गड़बड़ी सही समिति की रिपोर्ट में पाया गया कि आरोपी ने कई किश्तों में सरकारी राशि को अपने व्यक्तिगत खाते में ट्रांसफर किया है। जांच के निष्कर्षों के आधार पर अधीक्षक ने आरोपी के खिलाफ अमानत में ख्यानत और धोखाधड़ी (धारा 406, 420 IPC) के तहत कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने अधीक्षक की शिकायत पर FIR दर्ज कर ली है और आगे की जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल आरोपी की भूमिका और अन्य संबंधित वित्तीय लेन-देन की जांच की जा रही है।

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छत्तीसगढ़ में आज से वोटर लिस्ट वेरिफिकेशन की शुरुआत: 27 हजार BLO घर-घर करेंगे सर्वे, 95% मतदाताओं को नहीं दिखाने पड़ेंगे दस्तावेज

त्तीसगढ़ में मंगलवार से वोटर लिस्ट सत्यापन अभियान (Special Intensive Revision – SIR) की शुरुआत हो गई है। बिहार मॉडल पर चलने वाली इस प्रक्रिया के तहत प्रदेश में मतदाता सूची को अपडेट किया जाएगा। इसमें नए वोटरों के नाम जोड़े जाएंगे और गलत या निष्क्रिय नाम हटाए जाएंगे। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) यशवंत कुमार ने बताया कि सत्यापन अभियान 4 नवंबर से 4 दिसंबर 2025 तक चलेगा। इस दौरान प्रदेश के 27,199 बूथ स्तर अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं की जानकारी की जांच करेंगे। सिर्फ 5% लोगों को ही दिखाने होंगे दस्तावेज सीईओ के अनुसार, लगभग 94-95% मतदाताओं का डेटा पहले से मौजूद है, इसलिए केवल 5-6% लोगों को ही पहचान संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत करने की आवश्यकता होगी। जिन मतदाताओं का नाम 2003 के SIR में था, उन्हें दोबारा दस्तावेज देने की जरूरत नहीं है। अगर किसी मतदाता को सत्यापन में कोई दिक्कत आती है तो वह हेल्पलाइन नंबर 1950 पर कॉल कर सहायता प्राप्त कर सकता है। BLO तीन बार जाएंगे घर हर BLO अपने क्षेत्र में प्रत्येक परिवार से संपर्क करेगा और आवश्यकता होने पर तीन बार तक घर जाएगा। वे प्रत्येक परिवार से गणना प्रपत्र फॉर्म भरवाएंगे, जिसमें मतदाता की व्यक्तिगत जानकारी और पात्रता की पुष्टि होगी। 9 दिसंबर को मसौदा सूची जारी होगी सत्यापन कार्य पूरा होने के बाद 9 दिसंबर 2025 को मसौदा मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।इसके बाद 8 जनवरी 2026 तक लोग अपने नाम में सुधार या किसी त्रुटि पर आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।अंतिम मतदाता सूची 7 फरवरी 2026 को जारी होगी, जो आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों के लिए आधार बनेगी। 71% वोटरों का मिलान पूरा अब तक राज्य के 71% मतदाताओं का डेटा सत्यापित किया जा चुका है। सीईओ ने बताया कि एन्यूमरेशन फेज पूरा होते-होते यह आंकड़ा 94 से 95% तक पहुंचने की उम्मीद है।उन्होंने यह भी बताया कि 2003 के बाद कई मतदाता अपने निवास स्थान बदल चुके हैं, विशेषकर विवाहित महिलाएं, जिनका अब नए केंद्रों से डेटा मिलान किया जा रहा है। मतदाताओं की संख्या 2.11 करोड़ 1 जनवरी 2025 तक छत्तीसगढ़ में कुल 2 करोड़ 11 लाख 5 हजार 391 मतदाता हैं। इनमें राज्य में लिंगानुपात 1024 है, जो राष्ट्रीय औसत से अधिक है। SIR सत्यापन के लिए मान्य दस्तावेज मतदाता सत्यापन के दौरान नीचे दिए गए दस्तावेजों में से कोई भी मान्य होगा – राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील सीईओ यशवंत कुमार ने राजनीतिक दलों से अपील की है कि वे अपने बूथ स्तरीय एजेंट (BLA) के माध्यम से आयोग की टीम को सहयोग करें ताकि पात्र नागरिकों के नाम जोड़े जा सकें और मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाए जा सकें।

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रायपुर में पंजाब से लाई गई हेरोइन के साथ दो तस्कर गिरफ्तार

राजधानी रायपुर में पुलिस ने नशे के कारोबार पर एक और बड़ी कार्रवाई की है। पंजाब से हेरोइन लेकर आए दो तस्करों को पुलिस ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। ये दोनों आरोपी शहर में मादक पदार्थ की सप्लाई करने पहुंचे थे और ग्राहक का इंतजार कर रहे थे। पुलिस ने उनके कब्जे से हेरोइन, तौल मशीन, मोबाइल और एक ट्रेलर वाहन जब्त किया है। मामला आमानाका थाना क्षेत्र का है। ग्राहक का इंतजार कर रहे थे आरोपी जानकारी के मुताबिक, पुलिस को 3 नवंबर की शाम मुखबिर से सूचना मिली कि ट्रैफिक थाने से कुछ ही दूरी पर सर्विस रोड पर खड़े एक ट्रेलर वाहन में दो युवक बैठे हैं जो हेरोइन बेचने के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहे हैं। सूचना पर तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने घेराबंदी कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। पंजाब से लाते थे माल, रायपुर में बेचते थे पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम मंजीत सिंह और हरदीप सिंह (दोनों निवासी पंजाब) बताए। उन्होंने स्वीकार किया कि वे पंजाब से हेरोइन लाकर रायपुर में सप्लाई करने का काम करते हैं। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि ये तस्कर पहले कितनी बार रायपुर आ चुके हैं और उनका संपर्क किस नेटवर्क से है। 3 लाख से अधिक की हेरोइन जब्त आरोपियों के पास से पुलिस ने 34.60 ग्राम हेरोइन (चिट्टा), एक तौल मशीन, दो मोबाइल फोन, और एक ट्रेलर वाहन (क्रमांक CG-04-HX-622) जब्त किया है। जब्त हेरोइन की कीमत करीब 3 लाख 46 हजार रुपए और कुल बरामद सामान की कीमत 18 लाख रुपए आंकी गई है। रायपुर बनता जा रहा है ड्रग्स का नया हब पिछले कुछ महीनों में रायपुर पुलिस ने ड्रग्स के नेटवर्क पर कई बड़ी कार्रवाई की है। देवेंद्र नगर, टिकरापारा, कोतवाली, कबीर नगर, तेलीबांधा और गंज थाना क्षेत्र में छापेमारी कर पुलिस अब तक 35 से ज्यादा आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें पंजाब, दिल्ली, मुंबई और नागपुर के तस्कर शामिल हैं। कई मामलों में महिलाओं की भी संलिप्तता सामने आई है।इसके बावजूद, रायपुर में ड्रग्स सिंडिकेट फिर से सक्रिय हो रहा है, जिससे पुलिस सतर्क हो गई है।

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हाईकोर्ट ने रोहित और वीरेंद्र तोमर की अग्रिम जमानत खारिज की: पत्नियों और भतीजे को मिली राहत, पुलिस पर आर्गेनाइज क्राइम में परिवार को फंसाने का आरोप

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा की बेंच ने रायपुर में सूदखोरी और ब्लैकमेलिंग के आरोपों से जुड़े मामले में हिस्ट्रीशीटर रोहित तोमर और वीरेंद्र तोमर की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया है। वहीं, कोर्ट ने उनकी पत्नियों और भतीजे को अग्रिम जमानत प्रदान की है। सरकारी पक्ष ने कोर्ट में दलील दी कि दोनों भाइयों का आपराधिक इतिहास लंबा है और उन पर करीब 16 मामले दर्ज हैं। पुलिस छापेमारी के दौरान उनके ठिकाने से ब्लैंक चेकबुक, हथियार और कारतूस बरामद किए गए। साथ ही, वे बिना लाइसेंस सूदखोरी का कारोबार करते पाए गए थे। सरकारी तर्कों पर सहमति जताते हुए कोर्ट ने कहा कि अपराध की गंभीरता को देखते हुए अग्रिम जमानत नहीं दी जा सकती। पत्नियों और भतीजे को कोर्ट से राहत हाईकोर्ट ने तोमर बंधुओं की पत्नियों और भतीजे को अग्रिम जमानत मंजूर की है। उन्होंने अपनी याचिका में कहा था कि पुलिस साधारण मारपीट के केस को आर्गेनाइज क्राइम में बदलकर पूरे परिवार को फंसा रही है। पूर्व महाधिवक्ता सतीश चंद वर्मा की ओर से दायर याचिका में कहा गया कि पुलिस ने पुराने ऋण मामलों में जबरन परिवार को शामिल कर फर्जी केस बनाए हैं। अदालत ने इस पर विचार करते हुए कहा कि पत्नी और अन्य परिवारजन के खिलाफ गंभीर आपराधिक साक्ष्य नहीं हैं, इसलिए उन्हें अग्रिम जमानत दी जाती है। रायपुर में चल रहा सूदखोरी और ब्लैकमेलिंग का मामला रायपुर के तेलीबांधा और पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र में रोहित तोमर और वीरेंद्र तोमर पर सूदखोरी और धमकी के कई मामले दर्ज हैं। पुलिस की कार्रवाई में उनके घर से कैश, चेक और जमीन के दस्तावेज भी जब्त किए गए। जांच के बाद पुलिस ने कहा कि मामला आर्गेनाइज क्राइम से जुड़ा है। दोनों भाइयों पर 7 अलग-अलग FIR दर्ज की गई हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए रायपुर पुलिस ने इनाम की घोषणा की है। हिस्ट्रीशीटर तोमर बंधु अब भी फरार पुलिस के अनुसार, रोहित तोमर ने अपनी पत्नी भावना के नाम पर ऑफिस खोलकर सूदखोरी का धंधा चलाया। प्रॉपर्टी डीलर दशमीत चावला से मारपीट के बाद जब उसके खिलाफ FIR दर्ज हुई, तब से दोनों भाई फरार हैं। पुलिस की कई टीमें छत्तीसगढ़ के बाहर भी छापेमारी कर चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। अपराध रिकॉर्ड लंबा, ‘गोल्डन मैन’ नाम से मशहूर पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, रोहित तोमर को रायपुर का निगरानी गुंडा बदमाश घोषित किया गया है। उसके खिलाफ तेलीबांधा, पुरानी बस्ती, राजेंद्र नगर, कोतवाली और गुढ़ियारी थानों में 9 से अधिक केस दर्ज हैं। वह इलाके में ‘गोल्डन मैन’ के नाम से जाना जाता था और सामाजिक रसूख बनाए रखने के लिए समय-समय पर कार्यक्रमों में हिस्सा लेता था। पीड़ितों में अब जागा आत्मविश्वास पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद कई पुराने पीड़ित सामने आए हैं। पहले आरोपी भाइयों के खौफ के कारण लोग शिकायत दर्ज नहीं करा पा रहे थे, लेकिन अब पुलिस की पहल से पीड़ित थानों तक पहुंच रहे हैं।

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राज्योत्सव के बाद सीएम विष्णुदेव साय का दौरा कार्यक्रम: ओडिशा में चुनावी सभा और गुजरात में निवेशक सम्मेलन में होंगे शामिल

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय राज्योत्सव के बाद अब राजनीतिक और औद्योगिक गतिविधियों में सक्रिय नज़र आएंगे। वे 6 नवंबर को ओडिशा के नुआपाड़ा विधानसभा उपचुनाव में भाजपा उम्मीदवार के समर्थन में जनसभा करेंगे। मुख्यमंत्री रायपुर से हेलिकॉप्टर के जरिए नुआपाड़ा पहुंचेंगे और सभा के बाद वापस रायपुर लौट आएंगे। नुआपाड़ा सीट पर 11 नवंबर को मतदान होना है। इस सीट पर भाजपा ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। पार्टी इस चुनाव को प्रतिष्ठा से जोड़कर देख रही है और मुख्यमंत्री साय की सभा को रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जय ढोलकिया भाजपा के उम्मीदवार नुआपाड़ा उपचुनाव में भाजपा से जय ढोलकिया चुनावी मैदान में हैं, जबकि बीजेडी से स्नेहंगिनी चुरिया और कांग्रेस से घसियाराम माझी प्रत्याशी हैं। इनके अलावा समाजवादी पार्टी के रमाकांत हाटी, बहुजन मुक्ति पार्टी के हेमंत तांडी और ओडिशा जनता दल के शुकाधर डड़सेना भी मुकाबले में हैं। भाजपा का मानना है कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सभा से स्थानीय कार्यकर्ताओं में जोश बढ़ेगा और मतदाताओं में पार्टी के प्रति विश्वास मजबूत होगा। गुजरात में निवेशक सम्मेलन में भाग लेंगे सीएम चुनावी कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री साय 10 और 11 नवंबर को गुजरात के दौरे पर रहेंगे। वे “छत्तीसगढ़ इनवेस्टर कनेक्ट” कार्यक्रम में शामिल होंगे, जो अहमदाबाद में आयोजित किया जाएगा। मुख्यमंत्री इस दौरान प्रमुख उद्योगपतियों से वन-टू-वन मुलाकात करेंगे और छत्तीसगढ़ में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा करेंगे। कार्यक्रम की शुरुआत नर्मदा जिले के स्टैच्यू ऑफ यूनिटी में आयोजित एक विशेष आयोजन से होगी। इसके बाद अगले दिन अहमदाबाद में निवेशकों के साथ संवाद सत्र रखा गया है। उद्योग जगत को बताएंगे छत्तीसगढ़ की औद्योगिक नीतियां मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय इस कार्यक्रम में राज्य की नई औद्योगिक नीति, निवेशकों को दी जा रही सुविधाएं और उद्योगों के लिए उपलब्ध संसाधन साझा करेंगे। उनका लक्ष्य है कि अधिक से अधिक उद्योगपति छत्तीसगढ़ में निवेश करें, जिससे राज्य में रोजगार और आर्थिक विकास को गति मिले। यह आयोजन पहले जुलाई-अगस्त में होना था, लेकिन तकनीकी कारणों से स्थगित कर दिया गया था। अब इसे नवंबर में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें कई बड़े निवेशकों के शामिल होने की संभावना है।

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रायपुर में कल होगा शानदार एयर शो: 9 फाइटर जेट्स भरेंगे उड़ान, ‘हार्ट इन द स्काई’ और ‘बॉम्ब बर्स्ट’ जैसे फॉर्मेशन दिखाएंगे करतब

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के अवसर पर रायपुर के आसमान में कल यानी 5 नवंबर को रोमांचक दृश्य देखने को मिलेंगे। भारतीय वायुसेना की सूर्यकिरण एयरोबेटिक टीम (Suryakiran Aerobatic Team – SKAT) अपने शानदार करतबों से लोगों का दिल जीतने को तैयार है। नवा रायपुर के सेंध तालाब के ऊपर यह एयर शो आयोजित होगा, जहां 9 हॉक एमके-132 फाइटर जेट्स एक साथ आसमान में उड़ान भरेंगे और “हार्ट इन द स्काई”, “बॉम्ब बर्स्ट” और “एरोहेड” जैसे अद्भुत फॉर्मेशन पेश करेंगे। छत्तीसगढ़ के गौरव भी होंगे हिस्सा इस एयर शो में छत्तीसगढ़ के बेटे स्क्वॉड्रन लीडर गौरव पटेल, जो महासमुंद जिले के रहने वाले हैं, सूर्यकिरण टीम का हिस्सा होंगे। गौरव ने बताया कि यह उनके लिए बेहद गर्व का पल है क्योंकि वे अपने ही राज्य की धरती पर उड़ान भरने जा रहे हैं। उन्होंने कहा, “जब 9 विमान आसमान में तिरंगा बनाते हैं, तब हर भारतीय के मन में देशभक्ति की भावना स्वतः जाग उठती है।” ग्रुप कैप्टन अजय दशरथी के हाथों में शो की कमान सूर्यकिरण टीम का नेतृत्व ग्रुप कैप्टन अजय दशरथी करेंगे। उन्होंने कहा कि टीम को लीड करने के लिए अत्यधिक अनुशासन, मेहनत और आपसी विश्वास की आवश्यकता होती है। अजय पिछले एक साल से टीम का नेतृत्व कर रहे हैं और अब तक 50 से अधिक एयर शो कर चुके हैं। फ्लाइट लेफ्टिनेंट कंवल संधू होंगी ‘वॉयस ऑफ द स्काई’ एयर शो के दौरान फ्लाइट लेफ्टिनेंट कंवल संधू कमेंट्री की जिम्मेदारी निभाएंगी। उन्होंने कहा कि वे चाहती हैं कि छत्तीसगढ़ की बेटियां समझें कि “महिला होना कमजोरी नहीं, बल्कि ताकत है।” कंवल की भूमिका दर्शकों और आसमान में उड़ते विमानों के बीच एक सेतु की तरह होगी। हॉक एमके-132 से होगा रोमांचक प्रदर्शन भारतीय वायुसेना इस एयर शो में हॉक एमके-132 जेट्स का उपयोग करेगी। ये एडवांस्ड ट्रेनर एयरक्राफ्ट हैं, जिनका इस्तेमाल पायलटों के प्रशिक्षण और सीमित युद्ध संचालन में किया जाता है। लगभग 15 साल बाद छत्तीसगढ़ में इतना बड़ा एयर शो आयोजित हो रहा है, और यह पहली बार होगा जब सूर्यकिरण टीम हॉक एमके-132 से करतब दिखाएगी। आम जनता के लिए फ्री एंट्री और बस सेवा यह एयर शो सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक चलेगा। दर्शकों के लिए प्रवेश पूरी तरह निःशुल्क रहेगा। साथ ही, आम लोगों की सुविधा के लिए रायपुर शहर से नवा रायपुर तक फ्री बस सेवा भी उपलब्ध कराई गई है। बसें रायपुर रेलवे स्टेशन, भाठागांव, तेलीबांधा, पचपेड़ी नाका, साइंस कॉलेज और कालीबाड़ी चौक से सुबह 7 बजे से दोपहर 1 बजे तक तथा शाम 4 बजे से रात 10 बजे तक चलेंगी। भारतीय वायुसेना का उद्देश्य केवल प्रदर्शन नहीं, बल्कि युवाओं को अनुशासन, देशभक्ति और समर्पण के साथ देश सेवा के लिए प्रेरित करना है।

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सरेंडर नक्सली भूपति का बयान: कहा- गद्दार नहीं, हालात ने बदलने पर किया आत्मसमर्पण; संगठन में बढ़ा वैचारिक संकट

छत्तीसगढ़ के कुख्यात और डेढ़ करोड़ के इनामी नक्सली मोजुल्ला वेणुगोपाल राव उर्फ भूपति ने आत्मसमर्पण के बाद एक वीडियो जारी किया है। वीडियो में भूपति ने कहा कि संगठन के कुछ लोग उन्हें गद्दार कह रहे हैं, लेकिन वह गद्दार नहीं हैं। उन्होंने कहा कि आज परिस्थितियां बदल चुकी हैं, इसलिए अपने 60 साथियों के साथ हथियार डालने का निर्णय लिया। भूपति ने कहा कि नक्सली संगठन में अब भी कई साथी सत्ता और इलाके पर कब्जे के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन इस रास्ते ने हमें जनता से दूर कर दिया है। यह साबित करता है कि हिंसा का रास्ता नाकाम रहा है। हमने अपने साथियों को खोने के बाद सरेंडर करने का फैसला लिया। अब हम जनता के बीच रहकर, लोकतांत्रिक तरीके से उनके लिए काम करना चाहते हैं। भूपति ने साथियों से भी सरेंडर की अपील की भूपति ने नक्सल संगठन में मौजूद अपने साथियों से हिंसा छोड़कर मुख्यधारा में लौटने की अपील की। उन्होंने कहा, “हमने कई साथियों को खोया है, इसलिए बदलाव जरूरी है। सेंट्रल कमेटी स्थिति समझ रही है, लेकिन बदलाव को लेकर तैयार नहीं है। अब समय बंदूक छोड़ने और जनता के बीच आने का है।” भूपति ने अपने साथियों से संपर्क के लिए एक नंबर 8856038533 जारी किया है। साथ ही, सरेंडर नक्सली रूपेश का नंबर 6267138163 भी साझा किया है ताकि जो नक्सली हिंसा छोड़ना चाहें, वे संपर्क कर सकें। “अब लोकतंत्र के दायरे में रहकर करेंगे काम” भूपति ने कहा कि छत्तीसगढ़ में नेता रूपेश के साथ सैकड़ों नक्सलियों ने भी हिंसा छोड़ दी है। अब हम कानून के दायरे में रहकर जनता के बीच काम करेंगे। उन्होंने स्वीकार किया कि संगठन के अंदर वैचारिक संकट गहराता जा रहा है और बंदूक से नहीं बल्कि विचारों से लड़ाई लड़ी जानी चाहिए। रूपेश ने भी माओवाद संगठन पर उठाए सवाल भूपति के आत्मसमर्पण के बाद सेंट्रल कमेटी मेंबर रूपेश ने भी सरकार के सामने हथियार डाले और एक वीडियो जारी किया। रूपेश ने कहा कि महासचिव बसवा राजू संघर्ष विराम चाहते थे, लेकिन उनके एनकाउंटर के बाद पार्टी की दिशा भटक गई। उन्होंने कहा कि पार्टी अब साथियों की सुरक्षा और भविष्य को लेकर गंभीर नहीं है। नक्सल संगठन ने बताया “गद्दार” दरअसल, 17 अक्टूबर को जगदलपुर में 210 नक्सलियों ने पुलिस के सामने सरेंडर किया था। इनमें 1 करोड़ का इनामी सीसी मेंबर रूपेश भी शामिल था। इसके बाद नक्सल संगठन ने अभय के नाम से एक पर्चा जारी कर इन सरेंडर नक्सलियों को गद्दार करार दिया था।

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कोरबा में 8 साल के बच्चे की मौत: खेल-खेल में निगला सिक्का, सीने में फंसने से सांस रुक गई; इलाज के अभाव में रास्ते में तोड़ा दम

कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक दर्दनाक हादसे में 8 साल के मासूम शिवम सारथी की मौत हो गई। बच्चे ने खेल-खेल में सिक्का निगल लिया था, जो उसके सीने में फंस गया। परिजनों को जब तबीयत बिगड़ने का पता चला, तब तक देर हो चुकी थी। परिजनों ने उसे तत्काल जिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया, जहां एक्स-रे में सिक्का फंसे होने की पुष्टि हुई। डॉक्टरों ने बताया कि अस्पताल में इस तरह का इलाज संभव नहीं है और बच्चे की हालत बेहद नाजुक है। परिजन उसे निजी अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही शिवम ने दम तोड़ दिया। 💬 परिजनों का आरोप — “इलाज नहीं मिला, इसलिए गई जान” शिवम के पिता मदन सारथी ने बताया कि वे मूल रूप से धर्मजयगढ़ (रायगढ़) के रहने वाले हैं। कुछ दिनों पहले बेटे के कंधे की चोट का इलाज कराने वे कोरबा आए थे और गोढ़ी गांव में रिश्तेदारों के यहां ठहरे हुए थे। 31 अक्टूबर की रात शिवम की अचानक तबीयत बिगड़ी। उसे सांस लेने में दिक्कत और हाथ-पैर ठंडे पड़ने लगे। जिला अस्पताल में जांच के दौरान डॉक्टरों ने बताया कि सीने में सिक्का फंसा है, लेकिन अस्पताल में इस स्थिति का उपचार नहीं हो सकता। शिवम को अन्य अस्पताल ले जाने की तैयारी चल ही रही थी कि उसने रास्ते में दम तोड़ दिया। 🧒 कब निगला सिक्का, किसी को नहीं पता परिवार को यह नहीं पता कि शिवम ने सिक्का कब और कैसे निगला। पिता ने आशंका जताई कि खेलते समय उसने गलती से सिक्का मुंह में डाल लिया होगा। 🏥 अस्पताल प्रबंधन का बयान जिला मेडिकल कॉलेज के सह अधीक्षक डॉ. रविकांत जाटवर ने बताया कि बच्चे को रात करीब 12 बजे अस्पताल लाया गया था। एक्स-रे में सिक्का जैसी आकृति दिखाई दी थी, परंतु पोस्टमॉर्टम में सिक्का नहीं मिला। ⚠️ विशेषज्ञों की सलाह — बच्चों को छोटे सामान से रखें दूर शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. आर.के. वर्मा ने कहा कि छोटे बच्चे अक्सर खेलते-खेलते सिक्का, चना, मूंगफली या छोटे खिलौने निगल लेते हैं, जो गले या श्वासनली में फंस सकता है। ऐसे में तुरंत पास के अस्पताल में ले जाना चाहिए। माता-पिता को बच्चों को छोटे वस्तुओं से दूर रखना चाहिए ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।

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कोरबा में मजदूर की संदिग्ध मौत: परिजनों ने जिंदा समझ अस्पताल पहुंचाया, डॉक्टरों ने किया मृत घोषित; पुलिस जांच में जुटी

कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के करतला थाना क्षेत्र में एक मजदूर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। यह घटना 1 नवंबर की है। जानकारी के अनुसार, रवानाडांड गांव निवासी शिवलाल (25 वर्ष) रात में खाना खाकर अपने कमरे में सोने गया था, लेकिन अगली सुबह देर तक नहीं उठा। जब परिजनों ने आवाज दी और कोई जवाब नहीं मिला तो वे कमरे में पहुंचे, जहां उसे अचेत अवस्था में पाया। परिजनों ने सोचा कि शिवलाल बेहोश है, इसलिए तुरंत उसे निजी वाहन से जिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। ⚒️ रोजी-मजदूरी कर करता था परिवार की मदद मृतक के बड़े भाई सुंदरलाल ने बताया कि शिवलाल मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। घटना वाले दिन वह काम से लौटने के बाद भैंसमा बाजार गया था। घर आकर खाना खाकर अपने कमरे में सो गया और फिर सुबह नहीं उठा। परिजनों ने बताया कि उसे किसी भी तरह की बीमारी या स्वास्थ्य समस्या नहीं थी। शिवलाल तीन भाइयों और एक बहन में सबसे छोटा था और घर का मेहनती सदस्य था, जो आर्थिक रूप से परिवार की मदद करता था। 👮‍♂️ पुलिस जांच में जुटी जिला अस्पताल चौकी प्रभारी ने अस्पताल से मिले मेमो के आधार पर परिजनों के बयान दर्ज किए हैं। फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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