केंद्रीय मंत्री कमलेश पासवान ने सराहा छत्तीसगढ़ का आजीविका मॉडल, कहा- देशभर के लिए प्रेरणादायी
छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में संचालित ग्रामीण आजीविका मॉडल को केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री Kamlesh Paswan ने देशभर के लिए प्रेरणादायी बताया है। मंत्री ने रायपुर के सेरीखेड़ी स्थित मल्टी यूटिलिटी सेंटर का दौरा कर राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ के तहत चल रही विभिन्न गतिविधियों का निरीक्षण किया। दौरे के दौरान मंत्री ने महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा संचालित अजा (AJA) परियोजना, पिंक दीदी ई-ऑटो सेवा, बिजनेस दीदी और कृषि आधारित आजीविका गतिविधियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ का यह मॉडल ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ आत्मविश्वास भी दे रहा है। मंत्री पासवान ने विशेष रूप से एकीकृत बकरी पालन मॉडल ‘अजा परियोजना’ को सराहा। उन्होंने कहा कि आधुनिक पशुपालन, नियमित टीकाकरण, पशु बीमा, ऑनलाइन मॉनिटरिंग और जैविक खाद निर्माण जैसी व्यवस्थाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा दे रही हैं। साथ ही महिला समूहों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराना भी अन्य राज्यों के लिए सीखने योग्य पहल है। निरीक्षण के दौरान उन्होंने नवा रायपुर में संचालित “पिंक दीदी” ई-ऑटो सेवा की भी प्रशंसा की। मंत्री ने कहा कि यह योजना पर्यावरण संरक्षण के साथ महिलाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता प्रदान कर रही है। इस दौरान मंत्री ने कृषक उत्पादक संगठन की महिला बोर्ड ऑफ डायरेक्टर से भी बातचीत की। महिलाओं ने बताया कि वे अब घर की सीमाओं से निकलकर व्यवसाय का संचालन कर रही हैं। मंत्री ने महिलाओं द्वारा तैयार महुआ कुकीज का स्वाद लिया और उनके कार्य की सराहना की। केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन योजनाओं का विस्तार और अधिक क्षेत्रों तक किया जाए ताकि ज्यादा से ज्यादा ग्रामीण परिवारों को इसका लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ का ग्रामीण आजीविका मॉडल आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक मजबूत उदाहरण बन रहा है।

