खारून नदी में बिना ट्रीटमेंट छोड़ा जा रहा औद्योगिक गंदा पानी, बीरगांव की जल आपूर्ति पर बड़ा संकट

रायपुर।खारून नदी लगातार प्रदूषण की चपेट में आती जा रही है। कारा क्षेत्र में स्थित सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) में नियमों की खुलेआम अनदेखी करते हुए उरला औद्योगिक क्षेत्र से निकलने वाला केमिकल युक्त और जहरीला पानी बिना किसी शुद्धिकरण के सीधे नदी में छोड़ा जा रहा है। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि बीरगांव नगर निगम की पेयजल व्यवस्था पर सीधा खतरा मंडराने लगा है। जानकारी के अनुसार, कारा एसटीपी में पिछले कई महीनों से ट्रीटमेंट सिस्टम लगभग बंद पड़ा है। मशीनें निष्क्रिय हैं, फिल्टर काम नहीं कर रहे और दूषित पानी नालियों व खुली पाइप लाइनों के माध्यम से सीधे खारून नदी में बहाया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान ट्रीटमेंट टैंकों के आसपास काले रंग का झाग, तेज दुर्गंध और केमिकल युक्त पानी जमा पाया गया। मंगलवार को बीरगांव नगर निगम के महापौर नंदलाल देवांगन, निगम आयुक्त युगल किशोर उर्वशा और अधिकारियों की टीम ने कारा स्थित एसटीपी का निरीक्षण किया। मौके पर कई पाइपलाइनें सीधे नदी की ओर खुली मिलीं, जिनसे बिना ट्रीटमेंट किया गया गंदा पानी लगातार बह रहा था। इस स्थिति पर नाराजगी जताते हुए महापौर ने इसे जनता की सेहत के साथ खिलवाड़ बताया और तत्काल सुधार के निर्देश दिए। सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि एसटीपी से कुछ ही दूरी पर बीरगांव नगर निगम का इंटकवेल स्थित है, जहां से हजारों घरों में पीने का पानी सप्लाई किया जाता है। खारून नदी में मिल रहा यह जहरीला पानी भू-जल को भी प्रभावित कर सकता है। यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो क्षेत्र में जल जनित बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। इसी आशंका को देखते हुए महापौर और निगम आयुक्त ने बेंद्री स्थित इंटकवेल का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि किसी भी हालत में दूषित पानी जल स्रोत तक न पहुंचने पाए। गौरतलब है कि कारा एसटीपी का संचालन नगर निगम रायपुर के अधीन है, जबकि इसका सीधा असर बीरगांव नगर निगम क्षेत्र पर पड़ रहा है। दोनों निकायों के बीच जिम्मेदारी तय न होने से हालात और बिगड़ते जा रहे हैं। निरीक्षण के दौरान एमआईसी सदस्य इकराम अहमद, संतोष साहू, कार्यपालन अभियंता डी.एल. देवांगन सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। महापौर नंदलाल देवांगन ने कहा कि इस पूरे मामले की जानकारी रायपुर कलेक्टर को दी जाएगी और दोषी अधिकारियों व एजेंसियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी।

खारून नदी में बिना ट्रीटमेंट छोड़ा जा रहा औद्योगिक गंदा पानी, बीरगांव की जल आपूर्ति पर बड़ा संकट Read Post »

Birgaon, Chhattisgarh, Health, Raipur, Top News