रायपुर में नशे के खिलाफ सख्ती: 60 दिनों में 102 तस्कर गिरफ्तार, तीन की संपत्ति कुर्क करने की तैयारी

राजधानी रायपुर में अवैध नशे के कारोबार के खिलाफ पुलिस ने सख्त अभियान शुरू कर दिया है। पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था लागू होने के बाद गांजा, अफीम, ड्रग्स और नशीली दवाओं की तस्करी करने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार पिछले 60 दिनों में रायपुर में 102 से अधिक तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। इस दौरान करीब 2.10 करोड़ रुपये कीमत के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं। इसके साथ ही पुलिस अब इन तस्करों की संपत्तियों की जांच भी कर रही है। तीन बड़े तस्करों की संपत्ति की जानकारी जुटाई जा रही है, जिन्हें तस्कर और विदेशी मुद्रा हेरफेरकर्ता संपत्ति जब्ती अधिनियम (SAFEMA) के तहत कुर्क किया जाएगा। पुलिस कमिश्नर ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे तस्करों की सूची तैयार की जाए, जिन्होंने नशे के अवैध कारोबार से संपत्ति अर्जित की है। इन मामलों में सफेमा के तहत कार्रवाई कर उनकी संपत्तियां जब्त की जाएंगी। पिछले वर्ष भी रायपुर में चार तस्करों की करीब ढाई करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की गई थी। इस वर्ष एक दर्जन से अधिक तस्करों के खिलाफ इसी तरह की कार्रवाई की तैयारी चल रही है। तीन हिस्ट्रीशीटरों की संपत्ति पर नजर कोतवाली थाना क्षेत्र के हिस्ट्रीशीटर रवि साहू, मुकेश गुप्ता उर्फ बनिया और ईरानी डेरा क्षेत्र से जुड़े तस्करों की संपत्तियों की जांच की जा रही है। इन आरोपियों के खिलाफ विभिन्न थानों में 30 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज हैं और वे कई बार जेल भी जा चुके हैं। पुलिस का कहना है कि नशे के कारोबार से कमाए गए पैसों से इन लोगों ने राज्य के अलग-अलग इलाकों में संपत्तियां खरीदी हैं। इनमें से कई संपत्तियां रिश्तेदारों के नाम पर होने की भी जानकारी मिली है। पूरी जानकारी एकत्र करने के बाद मामला मुंबई स्थित अदालत में सफेमा के तहत कार्रवाई के लिए भेजा जाएगा। पुलिस के मुताबिक रवि साहू के पास करीब 4 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति होने की जानकारी सामने आई है, जबकि मुकेश गुप्ता की संपत्ति लगभग 1.25 करोड़ रुपये आंकी गई है। राज्य में भी बढ़ी कार्रवाई प्रदेश में पिछले साल 16 तस्करों की करीब 14 करोड़ रुपये से ज्यादा की संपत्ति कुर्क की गई थी। इनमें सबसे ज्यादा कार्रवाई बिलासपुर में हुई, जहां करीब 6 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई। इसके अलावा रायपुर के खरोरा क्षेत्र में तस्कर राकेश वर्मा और उसके साथियों की 1.05 करोड़ रुपये मूल्य की 13 संपत्तियों को सफेमा के तहत कुर्क किया गया था। वहीं गांजा तस्कर सुशंकर सरकार की करीब 70 लाख रुपये की संपत्ति भी जब्त की गई। एक अन्य तस्कर की 50 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति भी कुर्क की गई थी। पिछले साल 445 तस्कर गिरफ्तार रायपुर में पिछले वर्ष चलाए गए अभियान के दौरान 445 तस्करों को गिरफ्तार किया गया था और उनसे 2.81 करोड़ रुपये का मादक पदार्थ बरामद किया गया। वर्ष 2024 में 413 तस्करों से 5.08 करोड़ रुपये और 2023 में 303 तस्करों से 1.76 करोड़ रुपये कीमत के नशीले पदार्थ जब्त किए गए थे। पिट एनडीपीएस के तहत भी कार्रवाई राज्य में नशे के कारोबार पर रोक लगाने के लिए पिट एनडीपीएस एक्ट के तहत भी कार्रवाई तेज की गई है। पिछले साल इस कानून के तहत 101 मामलों में कार्रवाई करते हुए आरोपियों को एक साल के लिए जेल भेजा गया। वर्ष 2024 में 41 तस्करों के खिलाफ यह कार्रवाई की गई थी। डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने कहा कि प्रदेश में नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाया जा रहा है। सभी रेंज आईजी को निर्देश दिए गए हैं कि सफेमा के तहत कार्रवाई बढ़ाई जाए और तस्करों की संपत्तियों को कुर्क कर उनके अवैध कारोबार पर रोक लगाई जाए।

रायपुर में नशे के खिलाफ सख्ती: 60 दिनों में 102 तस्कर गिरफ्तार, तीन की संपत्ति कुर्क करने की तैयारी Read Post »

Chhattisgarh, Political, Raipur, Top News